डिंडौरी/शैलेश नामदेव/खबर डिजिटल / थाना मेहंदवानी क्षेत्र के कोड़ाझिर में 19 नवंबर 2025 की रात हुए अंधे कत्ल की गुत्थी को पुलिस ने महज़ कुछ दिनों में सुलझाते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। घटना की सूचना मृतक की बहू रिया धुर्वे निवासी कोड़ाझिर द्वारा थाना मेहंदवानी में दी गई थी। उनके अनुसार रात करीब 11:30 बजे ससुर सुबल साह धुर्वे पर किसी अज्ञात व्यक्ति ने घर में घुसकर धारदार हथियार से हमला कर हत्या कर दी थी।
ये था पूरा मामला
परिवार 19 नवंबर की रात भोजन कर सो गया था। आवेदिका रिया धुर्वे अपने बच्चों के साथ अंदर के कमरे में सो रही थी, जबकि सुबल साह परछी में बिस्तर पर लेटे थे। देर रात उनके चीखने की आवाज सुनकर परिजन बाहर आए तो देखा कि एक व्यक्ति परछी से भागते हुए जंगल की ओर जा रहा है। मोबाइल की टॉर्च से रोशनी कर देखने पर सुबल साह के सिर के बाईं कनपटी के नीचे गंभीर घाव मिला, जिससे उनकी मौत हो चुकी थी। घटना पर थाना मेहंदवानी में अपराध क्रमांक 229/25, धारा 331(8), 103(1) BNS के तहत मामला दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की गई।
जांच में ऐसे खुली परतें
पुलिस अधीक्षक डिंडौरी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक और SDOP शहपुरा के निर्देशन में थाना प्रभारी श्याम सुंदर उसराठे ने विशेष टीम गठित की। तकनीकी विश्लेषण और संदेह के आधार पर पुलिस ने अनूप सिंह मरकाम (भोडासाज) को तलब किया। मृतक की पत्नी और बहू ने पहचान करते हुए बताया कि घटना से पहले वही सुबल साह को झाड़फूंक के बहाने घर से लेकर गया था।
कड़ाई से पूछताछ में सामने आया हत्या का मकसद
पूछताछ में बड़ा खुलासा हुआ कि आरोपी प्रेमसिंह मरावी का प्रेम संबंध मृतक के भाई की लड़की सुखवती धुर्वे से था। सुखवती अपनी बीमारी का कारण प्रेमसिंह को बताती रहती थी और मृतक से झाड़फूंक करवाती थी। प्रेमसिंह को शक था कि सुबल साह उन पर जादूटोना कर रहे हैं। इसी भ्रम और आक्रोश में प्रेमसिंह ने सुबल साह को रास्ते से हटाने की योजना बनाई।
हत्या की साजिश में शामिल आरोपी
प्रेमसिंह मरावी
प्रदीप मरावी
अनूप सिंह मरकाम
घटना से पहले तीनों आरोपी सुबल साह को जंगल ले गए और वहां मारपीट की। सुबल साह किसी तरह बचकर घर लौट आए। इसके बाद 19 नवंबर की रात प्रेमसिंह टंगियाऔर टॉर्च लेकर घर में घुसा और सोए हुए सुबल साह की हत्या कर दी। उसी समय अनूप सिंह घर से थोड़ी दूरी पर महुआ के पेड़ के पास पहरा दे रहा था।
चारों आरोपी रिमांड पर भेजे गए
पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया—
- अनूप सिंह मरकाम, निवासी भोडासाज
- प्रेमसिंह मरावी, निवासी भोडासाज
- सुखवती बाई धुर्वे, निवासी कोड़ाझिर
- प्रदीप मरावी, निवासी ग्राम ताला
इन सभी को न्यायालय से रिमांड पर भेज दिया गया है।
खुलासे में इनकी रही विशेष भूमिका
खुलासे में निरीक्षक एस.एस. उसराठे, सउनि मंगलप्रसाद मानेश्वर, प्रआर 383 कमलेश भवेदी, प्रआर 200 नरेन्द्र मार्को, प्रआर 172 नारायण सिंह, आर 406 रविन्द्र कुम्हरे, आर 154 दिनेश लोधी, आर 102 ओमकार, म0आर 407 नमिता भगत, सायबर सेल: प्रआर 202 मुकेश प्रधान, आर 20 जगदीश मरावी इन सभी की सतर्कता, सूझबूझ और टीमवर्क की बदौलत अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाई जा सकी।


