रेनॉल्ट ग्रुप की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी रेनॉल्ट इंडिया ने कैलेंडर वर्ष 2025 की दूसरी छमाही (H2) में अपनी बिक्री में महत्वपूर्ण तेजी दर्ज की है। कंपनी ने वर्ष की दूसरी छमाही में 18.2% की वार्षिक वृद्धि (YoY) हासिल की, जिसमें चौथी तिमाही (Q4) का प्रदर्शन विशेष रूप से सराहनीय रहा। दिसंबर 2025 कंपनी के लिए साल के सबसे सफल महीनों में से एक रहा, जहाँ 3,845 यूनिट्स की बिक्री के साथ दिसंबर 2024 की तुलना में 33.4% का भारी उछाल देखा गया। यह सकारात्मक बदलाव जुलाई और अगस्त में क्रमशः ‘न्यू ट्राइबर’ और ‘न्यू काइगर’ के लॉन्च के बाद ग्राहकों की बढ़ती मांग और बाजार में रेनॉल्ट की मजबूत पकड़ को दर्शाता है।
रेनॉल्ट ग्रुप इंडिया के सीईओ स्टीफन डेबलेस ने इस प्रदर्शन पर टिप्पणी करते हुए कहा कि 2025 की दूसरी छमाही के नतीजे कंपनी द्वारा किए गए ‘कोर्स करेक्शन’ और रणनीतिक निर्णयों की सफलता की पुष्टि करते हैं। उन्होंने बताया कि तीसरी तिमाही से शुरू हुआ रिकवरी का यह सिलसिला चौथी तिमाही में अपने चरम पर पहुँचा है, जो दर्शाता है कि कंपनी के उत्पाद पोर्टफोलियो में किए गए बदलावों को ग्राहकों ने सराहा है। डेबलेस ने विश्वास जताया कि कंपनी अब आत्मविश्वास के साथ अगले चरण में प्रवेश कर रही है, जहाँ 26 जनवरी 2026 को प्रतिष्ठित ‘रेनॉल्ट डस्टर’ (Duster) की वापसी भारत में रेनॉल्ट की नई यात्रा का एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगी।
बिक्री में यह सुधार वर्ष 2025 के दौरान उठाए गए कई महत्वपूर्ण रणनीतिक कदमों का परिणाम है। रेनॉल्ट ने ग्राहकों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए नए ‘R’ स्टोर्स की शुरुआत की, स्थानीय स्तर पर उत्पादों की प्रासंगिकता बढ़ाने के लिए भारत में ‘रेनॉल्ट डिजाइन सेंटर’ स्थापित किया और स्वामित्व के भरोसे को मजबूत करने के लिए 3 साल की मानक वारंटी पेश की। इसके अतिरिक्त, निर्माण सुविधा (Manufacturing Facility) का 100% स्वामित्व हासिल करना भारत को एक प्रमुख विकास बाजार के रूप में देखने की रेनॉल्ट ग्रुप की दीर्घकालिक प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है। कुशल सेल्स और नेटवर्क ऑपरेशंस के साथ इन पहलों ने कंपनी को 2025 से शानदार विदाई और 2026 के लिए एक मजबूत आधार प्रदान किया है।


