मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी सोमवार को ग्वालियर की विशेष MP-MLA कोर्ट में पेश हुए, जहां उन्होंने अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण किया. इससे पहले लगातार पेशी पर अनुपस्थित रहने के कारण कोर्ट ने उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था. अदालत में उपस्थित होने के बाद उनके वकीलों ने जमानत की अर्जी दाखिल की, जिस पर सुनवाई के बाद कोर्ट ने उन्हें 25 हजार रुपये के निजी मुचलके पर जमानत दे दी. अब इस मामले की अगली सुनवाई 3 अगस्त को होगी.
गिरफ्तारी वारंट के बाद कोर्ट में हुए पेश
विशेष MP-MLA कोर्ट ने पूर्व में कई बार पेशी पर अनुपस्थित रहने के चलते जीतू पटवारी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था. इसके बाद सोमवार को वे स्वयं अदालत पहुंचे और सरेंडर किया. सुनवाई के दौरान अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं. इसके बाद कोर्ट ने उन्हें राहत देते हुए 25 हजार रुपये के निजी मुचलके पर जमानत मंजूर कर ली. फिलहाल मामले की न्यायिक प्रक्रिया जारी रहेगी और अगली सुनवाई तय तारीख पर होगी.
चुनावी सभा के बयान से जुड़ा है मामला
यह पूरा मामला लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान दिए गए एक चुनावी भाषण से जुड़ा हुआ है. 4 मई 2024 को भिंड जिले के उमरी थाना क्षेत्र में जीतू पटवारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी. शिकायत में आरोप लगाया गया था कि चुनावी सभा के दौरान उन्होंने बसपा प्रत्याशी देवाशीष जरारिया पर बिना किसी ठोस साक्ष्य के भाजपा से सांठगांठ और लेनदेन जैसे आरोप लगाए थे. इसी बयान को लेकर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू हुई थी.
3 अगस्त को होगी अगली सुनवाई
सोमवार को अदालत में पेश होकर आत्मसमर्पण करने के बाद जीतू पटवारी को तत्काल जमानत मिल गई. कोर्ट ने उन्हें 25 हजार रुपये के निजी मुचलके पर रिहा करने का आदेश दिया. साथ ही मामले की अगली सुनवाई के लिए 3 अगस्त की तारीख निर्धारित की गई है. अब इस प्रकरण में आगे की कार्रवाई अदालत में होने वाली सुनवाई के दौरान तय होगी. फिलहाल कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष को इस मामले में अंतरिम राहत मिल गई है, लेकिन कानूनी प्रक्रिया अभी जारी रहेगी.
