मुंबई : भारत के अग्रणी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में से एक, बैंक ऑफ़ बड़ौदा (BoB) ने अपनी विशिष्ट ग्रामीण संवाद पहल, ‘बड़ौदा किसान पखवाड़ा’ के 8वें संस्करण का सफलतापूर्वक समापन किया। यह पहल 03 से 15 नवंबर 2025 तक आयोजित की गई थी।
इस वर्ष की थीम “आत्मनिर्भरता की ओर” थी, जिसका उद्देश्य वित्तीय समावेशन का विस्तार करना और भारत के कृषक समुदाय के लिए सहयोग को बढ़ाना था।
पखवाड़े की मुख्य उपलब्धियां
| पैरामीटर | विवरण |
| अवधि | 03 से 15 नवंबर 2025 (13 दिन)। |
| किसानों से संपर्क | देश भर में 3.65 लाख से अधिक किसान। |
| कृषि ऋण स्वीकृति | ₹5,636 करोड़ रुपये से अधिक के कृषि ऋण मंजूर किए गए। |
जमीनी स्तर की पहलें
बैंक ने पूरे देश में कई जमीनी स्तर की पहलों का आयोजन किया:
- कार्यक्रम: किसान मेले, किसान बैठकें, चौपाल, क्रेडिट शिविर और वित्तीय साक्षरता सत्र।
- फोकस क्षेत्र: किसानों को आधुनिक कृषि उपकरणों और कृषि औजारों, ड्रोन तकनीक और एफपीओ (किसान उत्पादक संगठन) तथा एसएचजी (स्वयं सहायता समूह) ऋणों से संबंधित जानकारी प्रदान की गई। कुछ किसानों को कार्यक्रम के दौरान ही स्वीकृति पत्र भी दिए गए।
डिजिटल समाधानों पर ज़ोर
बैंक ने किसानों को अपनी प्रमुख डिजिटल पेशकशों से भी अवगत कराया, जिसका उद्देश्य ऋण तक पहुंच को त्वरित और सुविधाजनक बनाना है:
- डिजिटल बड़ौदा किसान क्रेडिट कार्ड (बीकेसीसी): डिजिटल भूमि रिकॉर्ड के लिए आरबीआईएच (RBIH) के साथ इंटीग्रेशन।
- डिजिटल गोल्ड लोन: बैंक के डिजिटल ऋण देने वाले प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध।
नेतृत्व का वक्तव्य
श्री लाल सिंह, कार्यपालक निदेशक, बैंक ऑफ़ बड़ौदा ने कहा:
“बड़ौदा किसान पखवाड़े का 8वां संस्करण डिजिटल समाधानों की मदद से भारत के किसानों को सुलभ, विश्वसनीय और त्वरित सेवाएं प्रदान करने की हमारी निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाता है। हमारे डिजिटल बीकेसीसी, डिजिटल गोल्ड लोन और हमारे फील्ड स्तर के संवाद कार्यक्रमों के माध्यम से, हमारा उद्देश्य हमसे संपर्क करने वाले प्रत्येक किसान के लिए ऋण की उपलब्धता को सरल और अधिक सुदृढ़ बनाना है।”
कृषि क्षेत्र को ऋण की स्थिति
- बैंक ऑफ़ बड़ौदा का कृषि क्षेत्र को कुल ऋण 30 सितंबर 2025 तक ₹1,69,703 करोड़ रहा है।
- इसमें 17.4% की मजबूत वर्ष-दर-वर्ष वृद्धि दर्ज की गई है।
बैंक ग्रामीण क्षेत्र में अपनी मजबूत उपस्थिति और डिजिटल बैंकिंग समाधानों के साथ कृषि इको सिस्टम को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।


