रीवा/ अरविन्द तिवारी/ खबर डिजिटल/ Rewa MP Janardan Mishra रीवा सांसद जनार्दन मिश्रा का अनोखा अंदाज एक बार फिर चर्चा में है। त्योंथर विधानसभा क्षेत्र के बड़ागांव में उन्होंने गरीब और वंचित वर्ग के बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने का अनूठा प्रयास किया। सांसद मिश्रा ने पहले इन बच्चों को स्वच्छता का महत्व समझाया।
उन्होंने खुद बच्चों को नहलाया, उनके कपड़े साफ करवाए और नाखून काटे। इसके बाद अगले दिन वे स्कूल पहुंचे और उन्हीं बच्चों का तिलक लगाकर स्कूल में दाखिला (एडमिशन) कराया। सांसद ने बच्चों को पेंसिल, कापी और किताबें भी वितरित कीं ताकि वे पढ़ाई शुरू कर सकें।
Rewa MP Janardan Mishra ने कहा कि – “स्वच्छता और शिक्षा साथ-साथ चलनी चाहिए। जब बच्चा साफ-सुथरा होगा तभी आत्मविश्वास से स्कूल जाएगा।” स्थानीय लोगों ने सांसद की इस पहल की सराहना की और कहा कि यह समाज में सकारात्मक बदलाव का संदेश है। रीवा सांसद का यह कदम शिक्षा और स्वच्छता को जोड़ने की दिशा में मिसाल बन गया है।
बच्चों को मिला पढ़ाई का तोहफा
सांसद मिश्रा ने बच्चों को कापी, किताब और पेंसिल भी उपलब्ध कराई ताकि शिक्षा से वंचित ये बच्चे अब नियमित रूप से पढ़ाई कर सकें। उनका कहना है कि “बिना स्वच्छता के शिक्षा अधूरी है। जब बच्चा साफ-सुथरा होगा तभी आत्मविश्वास से स्कूल जाएगा।”
सांसद की सोच बनी मिसाल
जनार्दन मिश्रा के इस प्रयास से स्थानीय लोगों में भी उत्साह देखा गया। उनका मानना है कि शिक्षा का पहला कदम स्वच्छता से शुरू होता है और सांसद का यह संदेश समाज के लिए प्रेरणादायी है।


