सिवनी तहसील/देवेंद्र नामदेव/खबर डिजिटल/ भगवान बिरसा मुंडा की जयंती सिवनी में मनाई गई, जो एक महत्वपूर्ण अवसर है। यह दिन जनजातीय गौरव दिवस के रूप में भी मनाया जाता है, जो भगवान बिरसा मुंडा के जीवन और संघर्ष को याद करने के लिए समर्पित है। उनके जीवन चरित्र पर चलने का आदिवासी समुदाय ने युवकों ने संकल्प लिया और उनके किए कामों को याद किया।
ये थे भगवान बिरसा मुंडा
भगवान बिरसा मुंडा एक महान स्वतंत्रता सेनानी और आदिवासी समुदाय के नेता थे, जिन्होंने ब्रिटिश शासन के खिलाफ उलगुलान आंदोलन का नेतृत्व किया था। उनका जन्म 15 नवंबर 1875 को झारखंड के उलीहातू गांव में हुआ था। उन्होंने आदिवासी समुदाय के अधिकारों की रक्षा के लिए अनेक आंदोलन किए और अंग्रेजी शासन के खिलाफ एक बड़ी लड़ाई लड़ी।
बड़ी संख्या में लोगों ने लिया हिस्सा
कार्यक्रम में शामिल होने को लेकर काफी दिनों से लोगों को आमंत्रित करने का क्रम जारी था, इसी का परिणाम था कि बड़ी संख्या में आदिवासी समुदाय के लोग आयोजन में शामिल हुए और भगवान बिरसा मुंडा को नमन किया।
