श्योपुर/धीरज बालोठिया/खबर डिजिटल/ जिले के जनपद पंचायत कराहल के कार्यालय में मनरेगा से जुड़े बिलों के भुगतान को लेकर विवाद सामने आया है। लेखाधिकारी महेश शिवहरे ने अध्यक्ष जनपद पंचायत कराहल श्रीमती बत्ती बाई आदिवासी, उनके पति श्री जग्गू आदिवासी और एक अन्य पर कार्यालयीन समय में मारपीट, शासकीय दस्तावेज फाड़ने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाते हुए थाना कराहल में आवेदन दिया है।
लेखाधिकारी ने लगाया आरोप
आवेदन में लेखाधिकारी महेश शिवहरे ने बताया कि 12 जनवरी 2026 को दोपहर करीब 12:35 बजे वे मुख्य कार्यपालन अधिकारी के कक्ष में मनरेगा योजना से संबंधित बिल, वाउचर व आदेश पर हस्ताक्षर करवा रहे थे। इसी दौरान अध्यक्ष श्रीमती बत्ती बाई आदिवासी एवं उनके पति और एक अन्य साथी कार्यालय में पहुंचे। आरोप है कि बिलों के भुगतान को लेकर उन पर दबाव बनाया गया और बात समझाने के प्रयास के बावजूद गाली-गलौज करते हुए बाहर आकर मारपीट की गई, जिससे गर्दन व बाएं हाथ में चोट आई। साथ ही शासकीय कागजात फाड़कर फेंक दिए गए और जान से मारने की धमकी दी गई। शिकायत में यह भी उल्लेख है कि इससे पूर्व 8 जनवरी की रात को भी शिशुपाल यादव ने कार्यालय कक्ष में आकर धमकी दी थी और स्टूल उठाकर मारने का प्रयास किया था, जिसकी मौखिक सूचना जिला पंचायत के सीईओ को दी गई थी।
जनपद पंचायत अध्यक्ष ने दिया आवेदन
उधर, अध्यक्ष जनपद पंचायत कराहल श्रीमती बत्ती बाई आदिवासी की ओर से भी थाना कराहल में आवेदन दिया गया है, जिसमें लेखाधिकारी पर गाली-गलौज व अभद्र व्यवहार के आरोप लगाए गए हैं। दोनों पक्षों के आवेदन मिलने के बाद पुलिस ने मामले को जांच में ले लिया है। इस संबंध में थाना कराहल की टीआई यास्मीन खान ने बताया कि दोनों पक्षों से आवेदन प्राप्त हुए हैं। मामले की जांच की जा रही है, जांच उपरांत वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। मामले की जानकारी कलेक्टर श्योपुर, पुलिस अधीक्षक श्योपुर, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्योपुर तथा अनुविभागीय अधिकारी राजस्व/एसडीएम कराहल को भी प्रतिलिपि के माध्यम से दी गई है।


