MP Morning News : मध्य प्रदेश में ईंधन और गैस को लेकर हालिया स्थिति के बीच प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत अब तक 9 प्रकरण दर्ज किए गए हैं, जबकि 2046 स्थानों पर जांच के दौरान 2888 एलपीजी सिलेंडर जब्त किए गए हैं। अधिकारियों का कहना है कि सभी ऑयल कंपनियों के पास पेट्रोल-डीजल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है, लेकिन कुछ जिलों में अचानक मांग बढ़ने से अस्थायी रूप से लंबी कतारें देखने को मिलीं।
बढ़ी पेट्रोल डीजल की खपत
जानकारी के अनुसार, प्रदेश में प्रतिदिन पेट्रोल-डीजल की औसत खपत लगभग 18,548 किलोलीटर रहती है, लेकिन हाल के दिनों में कुछ इलाकों में बिक्री 2 से 2.5 गुना तक बढ़ गई। इसके चलते कुछ पेट्रोल पंपों पर अस्थायी रूप से स्टॉक खत्म होने जैसी स्थिति बनी, हालांकि सप्लाई बढ़ाकर स्थिति सामान्य करने की कोशिश की जा रही है।
अवैध निर्माण का गिरा छज्जा
इधर, भोपाल में एम्स के सामने अवैध निर्माण के दौरान छज्जा गिरने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि नगर निगम ने पहले ही जनवरी और 13 मार्च को नोटिस जारी किए थे, इसके बावजूद निर्माण कार्य नहीं रोका गया। अब प्रशासन बिल्डिंग परमिशन स्थगित करने और संबंधित आर्किटेक्ट के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।
बारिश-आंधी का अलर्ट
वहीं, प्रदेश में मौसम ने भी करवट ले ली है। मौसम विभाग ने भोपाल, उज्जैन समेत करीब 40 जिलों में अगले तीन दिनों तक बारिश और आंधी का अलर्ट जारी किया है। साइक्लोनिक सर्कुलेशन और ट्रफ के असर से ग्वालियर, चंबल, रीवा, सागर और जबलपुर संभाग में मौसम का मिजाज बदला हुआ है।
गेंहू की फसल में लगी आग
इस बीच ग्रामीण क्षेत्रों में भी घटनाएं सामने आ रही हैं। भोपाल के ग्राम कुठार में आग लगने से करीब 15 एकड़ गेहूं की फसल जलकर खाक हो गई। ग्रामीणों ने ट्रैक्टर-ट्रॉली से पानी लाकर और हाथों से आग बुझाने का प्रयास किया।
शिक्षकों का हल्ला बोल
उधर, अतिथि शिक्षक भी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन की तैयारी में हैं। 30 मार्च को राजधानी भोपाल के अंबेडकर पार्क में हजारों गेस्ट टीचर्स के जुटने की संभावना है। शिक्षक स्थायीकरण और वार्षिक अनुबंध लागू करने की मांग पर अड़े हुए हैं और सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगा रहे हैं।


