कपिल सिरवैया/ खबर डिजिटल/निवाड़ी (मध्यप्रदेश)। मध्यप्रदेश सरकार प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 23,747 करोड़ का आवंटन बड़ा कदम है। निवाड़ी विधायक अनिल जैन ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र निवाड़ी में आयोजित राष्ट्रीय क्षय रोग उन्मूलन शिविर के दौरान उक्त विचार व्यक्त किए।
विधायक जैन ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि इस वर्ष का स्वास्थ्य बजट पिछले वित्तीय वर्ष के संशोधित अनुमानों से काफी अधिक है। उन्होंने बताया कि इस राशि का मुख्य उद्देश्य मेडिकल कॉलेजों के बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण।
आयुष्मान भारत योजना के तहत उपचार के दायरे को बढ़ाना।
ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्रों को मजबूत करना ताकि दूरस्थ क्षेत्रों तक बेहतर सुविधाएं पहुंच सकें।
कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर जमुना भिड़े एवं जनप्रतिनिधियों ने निक्षय मित्र योजना के तहत क्षय रोगियों को पोषण आहार किट का वितरण किया। कलेक्टर ने मरीजों का ढांढस बंधाते हुए कहा
टीबी असाध्य नहीं है। सही समय पर जांच और बिना रुके पूरा उपचार ही इसका एकमात्र समाधान है। हम सबको मिलकर जिले और देश को टीबी मुक्त बनाने का संकल्प लेना होगा।
नियमित दवा और सही खान-पान
शिविर में स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने टीबी के लक्षणों और बचाव पर विस्तृत जानकारी दी। सीएमएचओ डॉ. अनिल झमनानी ने इस बात पर जोर दिया कि केवल दवा ही काफी नहीं है, बल्कि टीबी से लड़ने के लिए शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने हेतु सही पोषण अनिवार्य है।
कार्यक्रम में सांसद प्रतिनिधि राजेश पटेरिया, नगर पालिका अध्यक्ष गुलाब अहिरवार, नंदकिशोर नापित एवं अन्य स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
जागरूकता हेतु पोस्टर और संवाद के माध्यम से टीबी के लक्षणों (जैसे 2 हफ्ते से ज्यादा खांसी, बुखार और वजन कम होना) के प्रति लोगों को सचेत किया गया।
स्वास्थ्य विभाग के अमले के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने टीबी मुक्त भारत के संकल्प में हिस्सा लिया।
