डिंडोरी /खबर डिजिटल /शैलेश नामदेव / डिंडौरी जिले में वन्यजीव तस्करों के खिलाफ वन विभाग को एक बड़ी सफलता मिली है। वन विभाग के अमले ने अवैध रूप से जंगली सुअर का मांस ले जा रहे पांच लोगों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई ने क्षेत्र के शिकारियों और अवैध वन्यजीव व्यापार में लिप्त लोगों में हलचल मचा दी है।
यह पूरी कार्रवाई वन परिक्षेत्र में आने वाले पूर्व करंजिया सामान्य के द्वारा की गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर वन विभाग की टीम लगातार क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान 18 मई 2026 की सुबह लगभग 7:30 बजे, कबीर से चौरादादर मार्ग पर स्थित हर्रा मुनारा के पास कुछ संदिग्ध व्यक्ति मोटरसाइकिल से जाते हुए दिखाई दिए।
संदेह के आधार पर जब वनकर्मियों ने इन लोगो को रोककर उनकी तलाशी ली, तो मोटरसाइकिल पर छिपाकर ले जाया जा रहा जंगली सुअर का भारी मात्रा में कच्चा मांस बरामद हुआ। टीम ने बिना समय गंवाए मौके पर ही पंचनामा तैयार किया और मांस व मोटरसाइकिल को जब्त कर पांचों आरोपियों को अपनी हिरासत में ले लिया।
वन्यजीवों के शिकार और उनके अंगों के अवैध व्यापार को रोकने के लिए वन विभाग ने पकड़े गए आरोपियों पर सख्त कानूनी शिकंजा कसा है। सभी पांचों आरोपियों के खिलाफ वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 की विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
वन विभाग ने मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है। बरामद किए गए मांस को वैज्ञानिक परीक्षण (FSL) के लिए भेजा जा रहा है ताकि कोर्ट में आरोपियों के खिलाफ पुख्ता सबूत पेश किए जा सकें। इसके साथ ही अन्य वैधानिक औपचारिकताएं भी पूरी की जा रही हैं।
इस सफल कार्रवाई के बाद वन विभाग के उच्च अधिकारियों ने आम नागरिकों से एक विशेष अपील की है। विभाग का कहना है कि वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए हम प्रतिबद्ध हैं। इसमें जनभागीदारी बेहद जरूरी है। अगर किसी भी क्षेत्र में वन्य जीवों के शिकार, जाल बिछाने या उनके मांस-अंगों के अवैध व्यापार जैसी संदिग्ध गतिविधियां दिखाई दें, तो इसकी सूचना तुरंत नजदीकी वन चौकी या अधिकारियों को दें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गुप्त रखी जाएगी ताकि पर्यावरण और वन्यजीवों का संरक्षण और सुरक्षा को सुनिश्चित किया जा सके।
