MP Rajya Sabha: भारत निर्वाचन आयोग द्वारा मध्य प्रदेश की तीन राज्यसभा सीटों पर चुनाव की तारीखों के ऐलान के साथ ही सूबे का सियासी पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया है। एमपी कांग्रेस के कोटे की यह एकमात्र सीट पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह का कार्यकाल समाप्त होने से खाली हो रही है। इस बार सबसे बड़ा ट्विस्ट यह है कि दिग्विजय सिंह ने तीसरी बार राज्यसभा चुनाव लड़ने से साफ तौर पर इनकार कर दिया है। ऐसे में कांग्रेस हाईकमान के सामने सबसे बड़ी चुनौती एक ऐसे वफादार चेहरे को चुनने की है, जो बिना किसी क्रॉस वोटिंग के जीत सके। अंदरखाने से आ रही खबरों के मुताबिक, इस रेस में राहुल गांधी की पहली पसंद के रूप में पूर्व सांसद मीनाक्षी नटराजन का नाम सबसे आगे चल रहा है।
राहुल की पसंद नटराजन!
कांग्रेस सूत्रों की मानें तो दिल्ली दरबार में इस बार महिला और युवा प्रतिनिधित्व को 50 प्रतिशत तक प्राथमिकता देने की नीति पर गंभीरता से विचार हो रहा है। इस लिहाज से मीनाक्षी नटराजन का पलड़ा सबसे भारी नजर आता है। मीनाक्षी नटराजन को पूरी तरह से कांग्रेस की विचारधारा के प्रति समर्पित और गांधी परिवार के करीबी माना जाता है। वर्तमान में वे अखिल भारतीय पंचायत राज प्रकोष्ठ की राष्ट्रीय प्रभारी होने के साथ-साथ तेलंगाना राज्य की सह-प्रभारी के रूप में भी संगठन को मजबूत कर रही हैं।
पिछली बार की कसक होगी पूरी?
राजनैतिक गलियारों में चर्चा है कि पिछली बार भी मीनाक्षी नटराजन का नाम राज्यसभा के लिए लगभग फाइनल हो चुका था, लेकिन तत्कालीन नेतृत्व के दबाव के चलते ऐन वक्त पर ओबीसी चेहरे के रूप में अशोक सिंह यादव को मौका दे दिया गया था। इस बार आलाकमान उस कसक को पूरा करने के मूड में है।
नाथ, पटवारी और यादव की दावेदारी
मीनाक्षी नटराजन का नाम रेस में आगे होने के बावजूद पार्टी के अन्य कद्दावर को नजरअंदाज करना दिल्ली के लिए आसान नहीं होगा। टिकट के लिए लॉबिंग और जोर-आजमाइश शुरू हो चुकी है। पूर्व मुख्यमंत्री और बेहद अनुभवी नेता कमलनाथ का नाम हमेशा की तरह चर्चाओं में बना हुआ है। वर्तमान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के रूप में युवा चेहरे को उच्च सदन भेजने की मांग भी उनके समर्थक कर रहे हैं। तो वही निमाड़ अंचल के कद्दावर नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव के जरिए पिछड़े वर्ग के बड़े वोट बैंक को साधने का दबाव भी आलाकमान पर साफ देखा जा रहा है। इसके अलावा पार्टी का एक धड़ा इस बार किसी सवर्ण या अनुसूचित जाति वर्ग के नेता को मौका देने की वकालत भी कर रहा है।
राज्यसभा चुनाव, ये रहा शेड्यूल
आपको बता दें कि चुनाव आयोग द्वारा जारी अधिसूचना के मुताबिक, मध्य प्रदेश की इन तीन सीटों सहित देश भर की 24 सीटों पर जून महीने में चुनाव होंगे। मप्र में जिन सदस्यों का कार्यकाल 21 जून 2026 को समाप्त हो रहा है, उनमें दिग्विजय सिंह, जॉर्ज कुरियन और सुमेर सिंह सोलंकी शामिल हैं।
तारीखों का पूरा शेड्यूल
2 जून 2026: चुनाव की आधिकारिक अधिसूचना जारी होगी।
9 जून 2026: उम्मीदवार अपना नामांकन पत्र दाखिल कर सकेंगे।
10 जून 2026: जमा किए गए नामांकन पत्रों की स्क्रूटनी की जाएगी।
11 जून 2026: नाम वापसी की अंतिम तारीख तय की गई है।
18 जून 2026: सुबह 9:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक विधानसभा परिसर में मतदान होगा।
18 जून 2026 (शाम 5:00 बजे): वोटों की गिनती शुरू होगी और देर शाम तक नतीजे साफ हो जाएंगे।
