डिंडोरी /खबर डिजिटल /शैलेश नामदेव/ ‘जाको राखे साइयां, मार सके न कोय’ शुक्रवार की सुबह डिंडौरी के बस्तरा मार्ग पर यह कहावत सच साबित हुई। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बीच, अपनों से मिलने की एक चाहत पल भर में खौफनाक मंजर में बदल गई।
जबलपुर बटालियन में पदस्थ विशेष सशस्त्र बल (SF) के जवान पदमजीत गौरा, शुक्रवार सुबह करीब 9 बजे अपनी बहन और जीजा से मिलने बस्तरा गांव के लिए निकले थे। उन्हें क्या मालूम था कि चंद कदमों की दूरी पर मौत उनका रास्ता रोके खड़ी है।
जैसे ही उनकी कार क्रमांक MP-20-CM-3505 कसा नदी की पुलिया पर पहुंची, अचानक नदी का जलस्तर बढ़ गया। उफनती नदी के तेज बहाव और जलस्तर को भांपने में हुई एक चूक भारी पड़ गई। पलक झपकते ही काल बनकर आई पानी की तेज लहरों ने कार को अपनी आगोश में ले लिया और गाड़ी अनियंत्रित होकर पुलिया से सीधे उफनती नदी में समा
गई।

नदी के रौद्र रूप के बीच कार को तिनके की तरह बहता देख मौके पर मौजूद लोगों की सांसें थम गईं। कार पानी की तेज धार में बहते हुए करीब आधा किलोमीटर दूर चली गई और नदी के बीच एक बड़े पत्थर में जाकर फंस गई। मौत सामने खड़ी थी, लेकिन कार में सवार जवान, चालक समेत तीनों लोगों ने हौसला नहीं खोया। जीवन और मृत्यु के बीच के उन खौफनाक पलों में उन्होंने सूझबूझ दिखाई। तीनों किसी तरह कार का दरवाजा खोलकर बाहर निकले और उफनती लहरों से जंग लड़ते हुए तैरकर सुरक्षित किनारे पर पहुंचे।
इस हादसे की खबर जैसे ही फैली, बस्तरा और आसपास के ग्रामीण बिना वक्त गंवाए मदद के लिए दौड़ पड़े। जब पानी की रफ्तार थोड़ी धीमी हुई और जलस्तर घटा, तो ग्रामीणों ने इंसानियत और एकजुटता की मिसाल पेश की। वे अपने ट्रैक्टर लेकर नदी के किनारे पहुंचे और कड़ी मशक्कत के बाद बीच नदी में फंसी कार को रस्सी के सहारे सुरक्षित बाहर निकाला।
घटना की सूचना मिलते ही शहपुरा थाना प्रभारी अनुराग जामदार पुलिस टीम के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे। गनीमत रही कि इस हादसे में किसी की जान नहीं गई और एक बड़ा परिवार उजाड़ने से बच गया। यह हादसा इस बात का गवाह है कि उफनते नदी-नालों को पार करने का अति-आत्मविश्वास कितना जानलेवा हो सकता है।
प्रशासन और स्थानीय ग्रामीणों ने सभी से अपील की है कि मानसून के इस मौसम में अपनी और अपने परिवार की खुशियों की खातिर, उफनते रास्तों और पुलियाओं को पार करने का जोखिम कतई न उठाएं। आपकी जिंदगी आपके परिवार के लिए बेहद अनमोल है।
