भारतीय डाक विभाग ने डाक जीवन बीमा (PLI) और ग्रामीण डाक जीवन बीमा (RPLI) योजनाओं का दायरा बढ़ाने के लिए नई व्यवस्था लागू की है. विभाग ने 1 जुलाई से “अन्य विभागीय कर्मचारी” (ODE) नाम की नई सेल्स फोर्स श्रेणी शुरू की है. इस पहल का उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों की भागीदारी बढ़ाकर बीमा योजनाओं को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाना है. इसके साथ ही कर्मचारियों को अतिरिक्त आय अर्जित करने का अवसर भी मिलेगा.
कौन बन सकता है बीमा प्रतिनिधि
नई व्यवस्था के तहत केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों, स्वायत्तशासी संस्थानों तथा पात्र सरकारी संगठनों में कार्यरत लेवल-8 तक के अधिकारी और कर्मचारी डाक जीवन बीमा योजनाओं के अधिकृत प्रतिनिधि बन सकेंगे. पंजीकरण के बाद वे PLI और RPLI योजनाओं का प्रचार-प्रसार करेंगे और नई पॉलिसियां कराने पर विभाग की ओर से तय इंसेंटिव भी प्राप्त करेंगे.
पंजीकरण के लिए NOC जरूरी
डाक विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस योजना से जुड़ने के इच्छुक कर्मचारियों को सबसे पहले अपने संबंधित विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) लेना होगा. इसके बाद उन्हें ODE श्रेणी में पंजीकरण कराना होगा. पंजीकरण पूरा होने के बाद ही वे बीमा योजनाओं के लिए अधिकृत रूप से कार्य कर सकेंगे और प्रोत्साहन राशि पाने के पात्र होंगे.
नौकरी के साथ अतिरिक्त कमाई का मौका
डाक विभाग का मानना है कि यह पहल सरकारी कर्मचारियों के लिए लाभदायक साबित होगी. कर्मचारी अपनी नियमित सेवा के साथ-साथ अतिरिक्त आय भी अर्जित कर सकेंगे. इसके अलावा वे अपने परिचितों, सहकर्मियों और आम नागरिकों को सुरक्षित और भरोसेमंद बीमा योजनाओं से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे. इससे समाज में सामाजिक सुरक्षा का दायरा भी बढ़ेगा और लोगों को किफायती बीमा योजनाओं का लाभ मिलेगा.
कहां करें संपर्क
जो कर्मचारी इस नई व्यवस्था का हिस्सा बनना चाहते हैं, वे अपने निकटतम प्रवर अधीक्षक या अधीक्षक डाकघर, विकास अधिकारी (PLI) अथवा भोपाल स्थित परिमंडल कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं. विभाग का विश्वास है कि इस नई सेल्स फोर्स के माध्यम से डाक जीवन बीमा और ग्रामीण डाक जीवन बीमा योजनाओं की पहुंच तेजी से बढ़ेगी. साथ ही सरकारी कर्मचारियों को अतिरिक्त आमदनी का एक नया और विश्वसनीय माध्यम भी उपलब्ध होगा.
