Tuesday, November 3, 2026
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हरियाली और सुरक्षा का डबल डोज: डिंडौरी के उत्कृष्ट खेल मैदान का बदलेगा चोला

​डिंडोरी /खबर डिजिटल /शैलेश नामदेव/ डिंडौरी, जिला मुख्यालय स्थित शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय का इकलौता खेल मैदान अब जल्द ही एक नए, हरे-भरे और बेहद सुरक्षित रूप में नजर आएगा। नगर परिषद डिंडौरी के तत्वावधान में रविवार को आयोजित विशेष अभियान के तहत खेल मैदान को सुंदर और पर्यावरण के अनुकूल बनाने के लिए बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया गया। इस दौरान न केवल हरियाली बढ़ाने की पहल हुई, बल्कि मैदान के स्थायी रख-रखाव के लिए इसे चारों तरफ से 6 फीट ऊंची मजबूत फेंसिंग से कवर करने का बड़ा फैसला भी लिया गया।

​प्रशासकीय अमले और जनप्रतिनिधियों ने हाथों में उठाई कुदाल

​वृक्षारोपण कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए प्रशासनिक अधिकारियों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने मैदान में छायादार एवं आकर्षक कोनोकार्पस के पौधे रोपे।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से ये रहे शामिल
​कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया, एसडीएम रामबाबू देवांगन, नगर परिषद अध्यक्ष सुनीता सारस, उपाध्यक्ष श्रीमती
सारिका नायक, ​
सीएमओ वेदप्रकाश पुरी,पार्षद रीतेश जैन, पार्षद रजनीश राय (टीटू) ​
​इनके अलावा नगर परिषद का मैदानी अमला, सफाई एवं निर्माण विभाग के कर्मचारी और स्थानीय नागरिक भी इस मुहिम का हिस्सा बने।

​पौधों की सुरक्षा प्राथमिकता: कलेक्टर के कड़े निर्देश

​पौधरोपण के बाद कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने स्पष्ट किया कि केवल पौधे लगाना काफी नहीं है, बल्कि उनका जीवित रहना और विकसित होना सबसे ज्यादा जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को मौके पर ही निर्देश दिए कि रोपे गए पौधों को बचाने के लिए तुरंत मजबूत ट्री गार्ड लगाए जाएं। साथ ही, मैदान में लावारिस मवेशियों के प्रवेश को पूरी तरह प्रतिबंधित करने के लिए स्कूल का मुख्य गेट बंद रखने और आवश्यक सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करने के आदेश दिए।

​खिलाड़ियों का मैदान अब नहीं बनेगा कचराघर, लगेगी 6 फीट ऊंची फेंसिंग

​डिंडौरी जिले के खिलाड़ियों के अभ्यास का यह सबसे प्रमुख मैदान माना जाता है। एसडीएम श्री राम बाबू देवांगन ने बताया कि मैदान की बदहाली और असामाजिक तत्वों के प्रवेश को रोकने के लिए एक ठोस योजना तैयार की गई है।

​मैदान की घेराबंदी के लिए जल्द ही 6 फीट ऊंची मजबूत लोहे की फेंसिंग (जालीदार तार) लगाई जाएगी। फेंसिंग होने से अनाधिकृत लोगों का प्रवेश बंद होगा, आवारा पशु मैदान में नहीं घूम पाएंगे और कचरा फेंकने की समस्या से हमेशा के लिए निजात मिलेगी।

​प्रशासन के इस कदम से जिले के युवा खिलाड़ियों और नगर के खेल प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह का माहौल है। लोगों का मानना है कि इस पहल से खिलाड़ियों को अभ्यास के लिए एक स्वच्छ, सुरक्षित और राष्ट्रीय स्तर का वातावरण मिल सकेगा।

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