नई दिल्ली/खबर डिजिटल। भारत की वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने नई GST (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) की घोषणा कर दी है। इस नई व्यवस्था में किसानों को प्रत्यक्ष लाभ मिलने वाला है। खासकर कृषि यंत्र और ट्रैक्टर खरीदने पर टैक्स में बड़ी राहत दी गई है।
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि नई GST दरों के लागू होने से किसानों की जेब पर बोझ कम होगा। ट्रैक्टर, हार्वेस्टर, सीड ड्रिल, पंप सेट और अन्य कृषि उपकरणों पर अब पहले से कम टैक्स लगेगा। किसानों को इन मशीनों की खरीद पर सीधी छूट मिलेगी, जिससे खेती की लागत घटेगी और उत्पादन बढ़ाने में मदद मिलेगी।
शिवराज सिंह चौहान ने स्पष्ट किया कि सरकार का उद्देश्य किसानों को आधुनिक उपकरणों से जोड़ना और खेती को लाभकारी बनाना है। नई GST दरें किसानों को सस्ता ट्रैक्टर और कृषि यंत्र उपलब्ध कराने की दिशा में ऐतिहासिक कदम साबित होंगी।
कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि अगर हम GST सुधारो को देखें तो एक उदाहरण के तौर पर कोई ट्रैक्टर अगर 9 लाख रुपए में आता था 9 लाख रुपए में खरीदते थे तो अब किसान को 65 हजार रुपए की बचत उस पर होगी।
अगर ट्रैक्टर 35 एचपी का है जिसकी कीमत लगभग 5 लख 80 हजार रुपए होती थी तो एक ट्रैक्टर खरीदने पर 41 हजार रुपए की बचत होगी, 45 एचपी के ट्रैक्टर पर 45 हजार रुपए बचत होगी, 50 एचपी के ट्रैक्टर पर 53 हजार रुपए बचत होगी और 75 एचपी के ट्रैक्टर पर लगभग 63 हजार रुपए बचत होगी तो ट्रैक्टर पर ही अगर बचत देखें तो 25 हजार से लेकर 63 हजार रुपए तक की बचत किसानों को होगी।
डेरी क्षेत्र में अब दूध और पनीर पर कोई जीएसटी नहीं होगा इससे आम आदमी को तो लाभ होगा ही इसकी मांग भी बढ़ेगी और दूध खरीदकर डेरी उत्पाद तैयार करने वाले वो भी लाभ में रहेंगे और किसानों को भी सीधा जो दुग्ध उत्पादक, पशुपालक हैं उनको सीधा फायदा होगा।
मक्खन, घी इनपर जीएसटी कम की गई है तो निश्चित तौर पर यह स्वदेशी उत्पाद ज्यादा बिकना प्रारंभ होंगे दूध के डिब्बों पर भी जीएसटी घटाई गई है उसका लाभ भी डेरी क्षेत्र को मिलेगा और अगर डेरी क्षेत्र आगे बढ़ेगा तो सीधे किसान और पशुपालक आगे बढ़ेंगे।
कीटनाशक और सूक्ष्म पोषक तत्वों पर 12 जीव कीटनाशक और सूक्ष्म पोषक तत्व हैं माइक्रो न्यूट्रेंट उनपर भी जीएसटी घटाई गई है इससे प्राकृतिक खेती और जैविक खेती को क्योंकि जैविक जो इनपुटस् हैं उनकी कीमत कम होगी तो उसमें लाभ होगा और रासायनिक उर्वरकों से जैव उर्वरकों की तरफ किसान के बढ़ने की प्रवृति निश्चित तौर पर बढ़ेगी।
फर्टिलाइजर पर भी जो अमोनिया सुल्फ़्यूरिक ऐसिड, नाइट्रिक ऐसिड इनपर भी 18% से घटाकर जीएसटी 5% की गई है यह कच्चा माल है जो उर्वरक तैयार करता है इससे भी निश्चित तौर पर इनकी कीमतें कम होगी तो किसानों को उसका भी लाभ होगा।
शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि केंद्र सरकार ने कम की कृषि उपकरणों में जीएसटी दर 18% से कम कर 5% करने से से कृषि उपकरण और अन्य वस्तुएं सस्ती होंगी।
