बैतूल/सचिन जैन/खबर डिजिटल/ जमीन की रजिस्ट्री से जुड़े एक मामले में 42 लाख रुपये के चेक बाउंस का बड़ा प्रकरण सामने आया है। इस मामले में पीड़ित आवेदक ने पिता-पुत्र सहित पांच लोगों पर धोखाधड़ी और षड्यंत्र का आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक बैतूल से शिकायत की है। आरोप है कि दूसरे की जमीन को अपनी बताकर रजिस्ट्री कराई गई और बाद में समझौते के नाम पर चेक दिए गए, जो अनादरित हो गए।
बैतूल पुलिस को दिया आवेदन
मिली जानकारी के अनुसार लोहिया वार्ड निवासी संजय पवार ने पुलिस अधीक्षक बैतूल को आवेदन देकर राम पिता श्यामसुंदर मालवी, यश पिता राम मालवी, पारस पिता राम मालवी, विजय पिता मानिकराव महस्की एवं स्वर्णलता पति विजय कुमार महस्की के विरूद्ध धोखाधड़ी, छलकपट और षड्यंत्र का अपराध दर्ज करने की मांग की है। संजय पवार ने शिकायत में बताया कि वर्ष 2021 में राम मालवी, यश मालवी एवं पारस मालवी ने ग्राम बटामा स्थित खसरा नंबर 69/52/1 से 0.023 हेक्टेयर यानी 2500 वर्गफुट भूखण्ड का सौदा 17 लाख 50 हजार रुपये में किया था। सौदे के समय 5000 रुपये नगद बयाने के रूप में दिए गए थे, जिसके साक्षी राजेश पवार निवासी अग्निहोत्री कॉलोनी एवं अशोक सिसोदिया निवासी टेलीफोन कॉलोनी बताए गए हैं। बाद में बताया गया कि जमीन विजय महस्की के नाम है, जिस पर 23 अप्रैल 2021 को विजय महस्की से रजिस्टर्ड विक्रय पत्र निष्पादित कराया गया और पूरी राशि आईसीआईसीआई बैंक एवं माधव बैंक से लोन लेकर विजय महस्की के खाते में जमा की गई।
एक साल के बाद में मिली जानकारी
एक वर्ष बाद जानकारी लगी कि दिखाया गया प्लॉट किसी अन्य व्यक्ति की भूमि में है और मौके पर उक्त खसरे में 2500 वर्गफुट भूखण्ड मौजूद ही नहीं है। पीड़ित का आरोप है कि सभी आरोपियों ने मिलकर साजिश के तहत फर्जी विक्रय पत्र कराया। शिकायत के अनुसार अगस्त 2023 और सितंबर 2024 तक समझौते के नाम पर गुमराह किया गया, कभी 30 लाख देने तो कभी 2500 वर्गफुट प्लॉट देने की बात कही गई। बाद में 40 लाख रुपये के चार चेक दिए गए, जिनमें से 10-10 लाख और 22 लाख के तीन चेक बाउंस हो गए, जिनका मामला न्यायालय में विचाराधीन है। संजय पवार ने बताया कि बैंक कर्ज और ब्याज के कारण वह आर्थिक और पारिवारिक संकट में है तथा उसके पास बातचीत की रिकॉर्डिंग भी मौजूद है। उसने पुलिस से सभी आरोपियों के विरूद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।


