सागर/हर्षित पांडेय/खबर डिजिटल/ सागर में आज डॉ. हरि सिंह गौर की 156वीं जयंती बड़े आयोजन के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में देशभर से वरिष्ठजनों, शिक्षाविदों, जनप्रतिनिधियों और विद्यार्थियों ने भाग लिया। इस अवसर पर सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति सतीश चंद्र शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
कई दिग्गज रहे उपस्थित
कार्यक्रम में सागर सांसद लता वानखेड़े, मध्यप्रदेश शासन के मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, तथा डॉ. हरिसिंह गौर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. वाय. एस. ठाकुर विशेष रूप से उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक, छात्र, प्राध्यापक और शहरवासी कार्यक्रम में शामिल हुए।
‘राजपूत की आज भी चलती है’
न्यायमूर्ति सतीश चंद्र शर्मा का संबोधन – कहा, “गोविंद सिंह राजपूत की फटकी तब भी चलती थी और आज भी चलती है” संबोधन में न्यायमूर्ति सतीश चंद्र शर्मा ने डॉ. गौर के योगदान को याद करते हुए कहा कि डॉ. गौर ने शिक्षा के क्षेत्र में जो नींव रखी, वह आज भी पूरे देश का मार्गदर्शन कर रही है। अंत में उन्होंने एक रोचक स्मृति भी साझा की। उन्होंने बताया क “जब हम पढ़ते थे, उस समय गोविंद सिंह राजपूत मेरे सहपाठी थे और तब भी उनकी फटकी चलती थी, और आज कार्यक्रम में आकर लगा कि मंत्री बनने के बाद भी उनकी फटकी आज भी चलती है।” उनके इस हल्के-फुल्के अंदाज वाले बयान पर कार्यक्रम स्थल पर हंसी का माहौल बन गया।
डॉ. गौर की विरासत को किया नमन
कार्यक्रम में वक्ताओं ने डॉ. हरिसिंह गौर को एक महान शिक्षाविद, सामाजिक सुधारक और दूरदर्शी व्यक्तित्व के रूप में याद किया। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा कई सांस्कृतिक और शैक्षणिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए।
