राकेश यादव/ खबर डिजिटल/सिवनी। जिले के बंडोल स्थित श्री मां योगमाया कात्यायनी सिद्ध पीठ में चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर श्रद्धा और भक्ति की दिव्य गंगा बह रही है। मंदिर परिसर 681 अखंड ज्योति कलशों की अलौकिक आभा से जगमगा उठा है, जो भक्तों के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
दिव्य श्रृंगार और भक्तिमय वातावरण
नवरात्रि के दौरान मां कात्यायनी का प्रतिदिन विशेष मनमोहक श्रृंगार किया जा रहा है। सुबह की मंगल आरती से लेकर रात्रि की शयन आरती तक मंदिर परिसर जय माता दी के जयकारों से गुंजायमान है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु, विशेषकर महिलाएं और कन्याएं, अपनी मनोकामनाएं लेकर मंदिर पहुंच रही हैं।
विवाह बाधा निवारण हेतु विशेष षष्ठी पूजन
मंगलवार, 24 मार्च 2026 को मंदिर में विशेष षष्ठी पूजन का आयोजन किया जाएगा। यह पूजन उन कन्याओं के लिए अत्यंत फलदायी माना जाता है जिनके विवाह में बाधाएं आ रही हैं। मान्यता है कि मां कात्यायनी की इस विधि-विधान से पूजा करने पर योग्य वर की प्राप्ति होती है और वैवाहिक दोष दूर होते हैं। इस विशेष अनुष्ठान में शामिल होने के लिए भक्तों को किसी पूर्व पंजीकरण की आवश्यकता नहीं है।
कलश विसर्जन और प्रशासनिक व्यवस्था
मंदिर समिति ने जानकारी दी कि सभी 681 ज्योति कलश पूरी नवरात्रि तक अखंड प्रज्ज्वलित रहेंगे। इनका विधिवत हवन और विसर्जन 27 मार्च (नवमी) को संपन्न होगा। उत्सव के दौरान सुरक्षा, पेयजल और स्वच्छता बनाए रखने के लिए स्थानीय प्रशासन ने कड़े प्रबंध किए हैं। भजनों और देवी जागरण के सुरों ने पूरे बंडोल क्षेत्र को आध्यात्मिक रंग में सराबोर कर दिया है.


