दतिया विधानसभा उपचुनाव के बीच वरिष्ठ कांग्रेस नेता अवधेश नायक को लेकर पिछले कुछ दिनों से भाजपा में शामिल होने की चर्चाएं तेज थीं. अब उन्होंने खुद सामने आकर इन सभी अटकलों को पूरी तरह खारिज कर दिया है. वीडियो संदेश जारी करते हुए नायक ने साफ कहा कि उनका भाजपा में जाने का कोई इरादा नहीं है और वे कांग्रेस के साथ पूरी मजबूती से जुड़े हुए हैं.
नेताओं की मुलाकात को दिया जा रहा था राजनीतिक रंग
अवधेश नायक ने बताया कि हाल के दिनों में उनके घर कांग्रेस और भाजपा, दोनों दलों के नेता शिष्टाचार मुलाकात के लिए आए थे. लेकिन कुछ लोगों ने इन सामान्य मुलाकातों को राजनीतिक घटनाक्रम से जोड़कर दल-बदल की अफवाहें फैलानी शुरू कर दीं. उन्होंने कहा कि इन खबरों में कोई सच्चाई नहीं है और लोगों को ऐसी भ्रामक बातों पर भरोसा नहीं करना चाहिए.
कांग्रेस छोड़ने का सवाल ही नहीं
नायक ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि कांग्रेस से उनकी कोई नाराजगी ऐसी नहीं है, जिसकी वजह से वे पार्टी छोड़ने का फैसला लें. उन्होंने कहा, "मैं कांग्रेस का सिपाही हूं. कांग्रेस में था, कांग्रेस में हूं और आगे भी कांग्रेस में ही रहूंगा." उन्होंने दतिया उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार कुंवर घनश्याम सिंह को अपना बड़ा भाई बताया और कहा कि उनके टिकट मिलने से उन्हें किसी तरह की नाराजगी नहीं है.
प्रदेश नेतृत्व से कुछ फैसलों पर जताई नाराजगी
हालांकि अवधेश नायक ने यह भी स्वीकार किया कि प्रदेश नेतृत्व के कुछ फैसलों और पहले किए गए कुछ वादों के पूरे नहीं होने से उन्हें जरूर दुख पहुंचा है. लेकिन इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि वे पार्टी छोड़ने जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि किसी भी तरह के राजनीतिक फैसले को लेकर गलत संदेश फैलाना उचित नहीं है.
समर्थकों से कर रहे हैं चर्चा
नायक ने बताया कि वह लगातार अपने समर्थकों और कार्यकर्ताओं के संपर्क में हैं. भविष्य में यदि वे कोई बड़ा राजनीतिक फैसला लेते हैं, तो उसकी जानकारी स्वयं सार्वजनिक रूप से देंगे. उन्होंने सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों से दूर रहने की अपील करते हुए कहा कि फिलहाल भाजपा में शामिल होने जैसा कोई निर्णय नहीं लिया गया है. उनके इस बयान के बाद दतिया उपचुनाव के बीच चल रही दल-बदल की चर्चाओं पर फिलहाल विराम लग गया है.









