कटनी से सौरभ श्रीवास्तव की रिपोर्ट/ कटनी जिले में मजदूरों की मेहनत पर ठेकेदारों द्वारा डाका डालने का मामला सामने आया है। पुलिस लाइन झिंझरी में काम करने वाले मजदूरों ने श्रम विभाग से शिकायत कर बकाया मजदूरी दिलाने की गुहार लगाई है। मजदूरों का आरोप है कि 45 दिन तक काम कराने के बाद ठेकेदारों ने 15 दिन की मजदूरी रोक ली और पैसे मांगने पर धमकी भरे लहजे में जवाब दिया जा रहा है।
कटनी जिले के ग्रामीण क्षेत्रों से आए मजदूरों ने श्रम पदाधिकारी को लिखित शिकायत सौंपते हुए बताया कि पुलिस लाइन झिंझरी में उनसे मजदूरी का कार्य कराया गया। मजदूरों के अनुसार ठेकेदार विपिन मिश्रा और रूपलाल मंडल ने करीब डेढ़ महीने तक लगातार काम कराया। शुरुआती भुगतान तो किया गया, लेकिन बाद के 15 दिनों की मजदूरी अब तक नहीं दी गई।

मजदूरों का कहना है कि जब उन्होंने अपनी मेहनताना राशि मांगी तो ठेकेदारों ने साफ शब्दों में कह दिया — “जो करना है कर लो।” शिकायत में मजदूरों ने आरोप लगाया है कि कुल 1 लाख 23 हजार 750 रुपए की मजदूरी बकाया है। आर्थिक तंगी से जूझ रहे मजदूर अब श्रम विभाग के चक्कर लगाने को मजबूर हैं।
शिकायत करने वालों में जगदीश, रामरतन, दीपक, विजय, गजराज, लालजी, लखन और बाबू सहित कई मजदूर शामिल हैं। मजदूरों ने प्रशासन से मांग की है कि उनकी मेहनत की कमाई जल्द दिलाई जाए और दोषी ठेकेदारों पर कार्रवाई हो।
अब बड़ा सवाल यही है कि आखिर गरीब मजदूरों की पसीने की कमाई कब तक दबाई जाती रहेगी? क्या श्रम विभाग मजदूरों को न्याय दिला पाएगा या फिर ये शिकायत भी फाइलों में दबकर रह जाएगी।









