Jeetu Patwari: मध्यप्रदेश की सियासत में मंत्रियों और विपक्षी नेताओं के बीच चल रही जुबानी जंग अब कारोबारी और छापों के रूप में तब्दील हो गई है। मध्य प्रदेश वेयरहाउसिंग एंड लॉजिस्टिक्स कॉर्पोरेशन ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के इंदौर स्थित निजी वेयरहाउस को एक नोटिस थमाते हुए 7 दिनों का अल्टीमेटम जारी कर दिया है। कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष संजय नगायच के औचक छापामार कार्रवाई के बाद से प्रदेश की सियासत में शुरू हो गया है।
निरीक्षण में मिलीं कमियां
कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष संजय नगायच इन दिनों इंदौर और उज्जैन संभाग के गोदामों की जांच कर रहे हैं। इसी कड़ी में उन्होंने सांवेर विधानसभा के पालिया गांव स्थित जीतू पटवारी के निजी वेयरहाउस परिसर का औचक निरीक्षण किया। नगायच ने दावा किया कि पटवारी के गोदामों में 24 हजार मीट्रिक टन सरकारी गेहूं का भंडारण किया गया है, लेकिन वहां फायर सेफ्टी सहित कई आवश्यक मापदंडों का उल्लंघन पाया गया है। उन्होंने अफसरों को हिदायत दी है कि यदि 7 दिनों में ये कमियां दूर नहीं की गईं, तो इस वेयरहाउस की सरकारी अनाज भंडारण की पात्रता हमेशा के लिए निरस्त कर दी जाए।
गोदाम खाली करने का चैलेंज
जीतू पटवारी ने इस कार्रवाई को राजनैतिक दुर्भावना बताया। उन्होंने वेयरहाउसिंग कॉर्पोरेशन के एक वरिष्ठ अधिकारी को सीधे फोन लगाकर कड़े लहजे में जवाब दिया कि अगर सरकार को नियमों के उल्लंघन की इतनी ही चिंता है, तो मेरे वेयरहाउस में रखा सरकारी अनाज तत्काल प्रभाव से खाली करा लिया जाए। मैं ऐसी किसी भी गीदड़भभकी या राजनैतिक दबाव के आगे झुकने वाला नहीं हूं।
बता दें कि कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष संजय नगायच अब तक लगभग 100 से अधिक वेयरहाउसों की जांच कर चुके हैं। लेकिन इस बार सीधे कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष के व्यावसायिक ठिकाने पर हंटर चलने से मध्य प्रदेश का राजनैतिक पारा 22 जून 2026 को पूरी तरह उबल गया है। अब देखना होगा कि 7 दिनों की इस समय-सीमा के अंदर यह जंग क्या नया मोड़ लेती है।









