मुंबई : देश के सबसे बड़े ऋणदाता, भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही (Q3) में अब तक का सबसे शानदार प्रदर्शन किया है। बैंक का शुद्ध लाभ सालाना आधार पर 24.49% की बढ़त के साथ ₹21,028 करोड़ के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गया है। इस उपलब्धि के साथ ही बैंक का कुल कारोबार ₹103 ट्रिलियन के जादुई आंकड़े को पार कर गया है, जो भारतीय बैंकिंग क्षेत्र में एसबीआई की मजबूत स्थिति और बढ़ते भरोसे का प्रतीक है।
मजबूत बैलेंस शीट और सुधरती एसेट क्वालिटी बैंक की शुद्ध ब्याज आय (NII) 9.04% बढ़कर ₹45,190 करोड़ रही, जबकि परिचालन लाभ में 39.54% की भारी वृद्धि दर्ज की गई। सबसे महत्वपूर्ण बात बैंक की ऋण गुणवत्ता (Asset Quality) में आया सुधार है; बैंक का ग्रॉस एनपीए (GNPA) घटकर महज 1.57% और नेट एनपीए 0.39% पर आ गया है। इसके अलावा, एसएमई (SME) पोर्टफोलियो ने ₹6 ट्रिलियन का आंकड़ा पार कर छोटे व्यवसायों को सशक्त बनाने में बैंक की भूमिका को रेखांकित किया है।
योनो (YONO) और डिजिटल बैंकिंग का दबदबा डिजिटल इंडिया की दिशा में कदम बढ़ाते हुए, एसबीआई के 98.6% लेनदेन अब वैकल्पिक चैनलों (डिजिटल माध्यमों) के जरिए हो रहे हैं। इस तिमाही में लगभग 68% बचत खाते ‘योनो’ ऐप के माध्यम से डिजिटल रूप से खोले गए। 1.16% के ‘रिटर्न ऑन एसेट्स’ (ROA) और मजबूत पूंजी पर्याप्तता अनुपात के साथ बैंक अपनी भविष्य की विस्तार योजनाओं और चुनौतियों के लिए पूरी तरह तैयार नजर आ रहा है।


