सिवनी। जिले के शासकीय स्कूलों में छात्रों की सुविधा के लिए बनाए गए साइकिल स्टैंड निर्माण कार्य में भारी अनियमितता के आरोप सामने आए हैं। सिवनी विकासखंड के 13 स्कूलों में साइकिल स्टैंड निर्माण हेतु कुल 65 लाख रुपये स्वीकृत किए गए थे, लेकिन कई स्थानों पर निर्माण कार्य की गुणवत्ता और लागत को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जानकारी के अनुसार प्रत्येक स्कूल के लिए 5 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई थी। तय डिजाइन और गुणवत्ता मानकों का पालन कागजों में तो दर्ज है, लेकिन जमीनी स्तर पर कई जगह बेहद साधारण और कम लागत वाले ढांचे बनाए गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जहां 5 लाख रुपये खर्च होना था, वहां मुश्किल से 1 से 2 लाख रुपये का ही निर्माण दिखाई दे रहा है।
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शासकीय हाई स्कूल परासिया का मामला विशेष रूप से चर्चा में है। यहां आरोप है कि कागजों में 5 लाख रुपये का साइकिल स्टैंड दर्शाया गया, जबकि वास्तविकता में एक साधारण छत्रनुमा संरचना बनाई गई है, जिसकी लागत काफी कम बताई जा रही है।
इस संबंध में स्कूल की प्रभारी प्राचार्या संगीता ठाकरे ने बताया कि विद्यालय में केवल 2-3 छात्र ही साइकिल से आते हैं। वहीं तकनीकी उपयंत्री और जिला शिक्षा अधिकारी से संपर्क करने पर उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराते हुए दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।
