जबलपुर/खबर डिजिटल/मनीष तिवारी/ Jabalpur News: भीषण गर्मी और झुलसा देने वाले तापमान के बीच जहाँ लोग घरों से निकलने में कतरा रहे हैं, वहीं जिला स्वास्थ्य कार्यालय के आउटसोर्स कर्मचारी अपनी जायज मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठ गए हैं। कंप्यूटर ऑपरेटर और सपोर्ट स्टाफ के इन कर्मचारियों का आरोप है कि पिछले दो महीनों से उन्हें वेतन नहीं मिला है, जिससे उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। स्वास्थ्य सेवाएं बाधित होने के बावजूद प्रशासनिक अधिकारी इस गंभीर मामले पर आंखें मूंदे बैठे हैं।
मध्य प्रदेश संविदा स्वास्थ्य आउटसोर्स कर्मचारी संघ के बैनर तले जिला स्वास्थ्य कार्यालय के तमाम कंप्यूटर ऑपरेटर और सपोर्ट स्टाफ पिछले दो दिनों से अनिश्चितकालीन कामबंद हड़ताल पर हैं। कर्मचारियों का कहना है कि पूर्व विधायक विनय सक्सेना के हस्तक्षेप के बाद उन्हें मार्च महीने का भुगतान तो मिल गया था,
कर्मचारियों की मांग
लेकिन अप्रैल और मई महीने का मानदेय अभी भी लंबित है। इस भीषण गर्मी में खुले आसमान के नीचे बैठे इन कर्मचारियों की सुध लेने न तो स्वास्थ्य विभाग का कोई वरिष्ठ अधिकारी आया और न ही जिला प्रशासन ने कोई संवाद स्थापित किया। अधिकारियों की इस बेरुखी से कर्मचारियों में भारी आक्रोश है।
कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर साफ कर दिया है कि जब तक उनकी सभी मांगें पूरी नहीं होतीं, यह हड़ताल जारी रहेगी। संघ के जिला अध्यक्ष दीपक कुमार ने बताया कि केवल वेतन ही नहीं, बल्कि पिछले 6 महीनों से उनका पीएफ भी पेंडिंग पड़ा हुआ है। इसके अलावा, कर्मचारियों के बुनियादी अधिकार के रूप में मिलने वाला ईएसआईसी स्वास्थ्य बीमा भी कंपनी द्वारा पिछले एक साल से नहीं दिया गया है।
कर्मचारी एनएचएम के पत्र के अनुसार मिलने वाले 11 महीने के एरियर और अनुभव प्रमाण पत्र की भी मांग कर रहे हैं। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि प्रशासन की इस लापरवाही के कारण यदि स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह चरमराती हैं, तो इसकी जिम्मेदारी केवल संबंधित अधिकारियों की होगी।
