UPSC Success Story: कहते है प्रतिभा और संकल्प कभी किसी संसाधनों के मोहताज नहीं होते। इस बात को सच कर दिखाया है राजस्थान कैडर के युवा और IPS अधिकारी अभिजीत पाटील ने। लाखों युवाओं के रोल मॉडल बन चुके अभिजीत ने किसी कोचिंग संस्थान की मदद लिए बिना, सिर्फ और सिर्फ सेल्फ-स्टडी के दम पर अपने पहले ही प्रयास में यूपीएससी परीक्षा को क्रैक कर इतिहास रच दिया।
संभाल रहे चूरू जिले की कमान
मात्र 22 साल की उम्र में देश के सबसे प्रतिष्ठित सेवा पदक को अपने नाम करने वाले अभिजीत का लुक आज भी बेबी फेस जैसा है। कई बार पहली नजर में लोग भांप ही नहीं पाते कि खाकी वर्दी में नजर आ रहा यह युवा देश का एक आईपीएस अफसर है। अपने फैसलों के लिए मशहूर अभिजीत पाटील वर्तमान में राजस्थान के चूरू जिले में पुलिस अधीक्षक के रूप में कानून व्यवस्था संभाल रहे हैं।
यूट्यूब से बदला रास्ता
महाराष्ट्र के ठाणे में जन्मे अभिजीत पाटील की शुरुआती पढ़ाई-लिखाई सामान्य माहौल में हुई। उन्होंने सिविल और एनवायरनमेंटल इंजीनियरिंग में बीटेक की डिग्री हासिल की है। बीटेक के अंतिम वर्ष की पढ़ाई के दौरान अभिजीत इंटरनेट पर सर्फिंग कर रहे थे, तभी अचानक उनकी नजर यूट्यूब पर एक यूपीएससी टॉपर के इंटरव्यू वीडियो पर पड़ी। उस एक वीडियो ने उनके अंदर समाज के लिए कुछ बड़ा करने की चिंगारी सुलगा दी और उन्होंने इंजीनियरिंग के बाद कॉपोरेट जॉब में जाने के बजाय देश सेवा का मार्ग चुना।
नो कोचिंग, नो कन्फ्यूजन
बिना किसी नामी कोचिंग या क्लासरूम नोट्स के सीधे सफलता के शिखर तक पहुंचने के लिए अभिजीत ने एक स्मार्ट रणनीति तैयार की थी। अभिजीत का मानना था कि बाजार में मिलने वाली ढेरों किताबों के पीछे भागने से बेहतर है कि स्टडी मटेरियल को सीमित रखा जाए। उन्होंने चुनिंदा किताबों को ही बार-बार पढ़ा और अपनी पकड़ बनाई। उन्होंने करीब 8 महीनों तक बिना एक भी दिन गंवाए रोजाना 8 घंटे पढ़ाई की।
मिला कठोर तपस्या का परिणाम
अभिजीत की कठोर तपस्या का परिणाम यह रहा कि उन्होंने UPSC परीक्षा 2022 में ऑल इंडिया 470वीं रैंक हासिल की। कम उम्र में मिली इस कामयाबी के बाद उन्हें सीधे IPS के लिए चुना गया और राजस्थान कैडर अलॉट हुआ। अभिजीत आज ऑन-ड्यूटी रहने के साथ-साथ सोशल मीडिया के माध्यम से देश के लाखों युवाओं को करियर गाइडेंस और मोटिवेशन देने का काम भी कर रहे हैं।
