भोपाल/परवेज खान/खबर डिजिटल/ राजधानी के ऐतिहासिक मिंटो हॉल में भारतीय पुलिस सेवा संघ मध्य प्रदेश द्वारा आयोजित भारतीय पुलिस सेवा समागम का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया। इस महत्वपूर्ण आयोजन में प्रदेश के सभी जिलों से आए भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के वरिष्ठ एवं युवा अधिकारी शामिल हुए। कार्यक्रम में पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना की विशेष उपस्थिति रही।
नक्सलवाद के खात्मे में एमपी पुलिस की ऐतिहासिक भूमिका
समागम को संबोधित करते हुए डीजीपी कैलाश मकवाना ने कहा कि मध्य प्रदेश पुलिस ने नक्सलवाद को समाप्त करने में ऐतिहासिक सफलता हासिल की है। उन्होंने बताया कि जो कार्य कभी असंभव प्रतीत होता था, वह पुलिस बल और वरिष्ठ अधिकारियों के बेहतर समन्वय से संभव हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों को पदोन्नतियां दी गईं, कई बड़े नक्सली एनकाउंटर हुए और डायल-112 सेवा की शुरुआत कर त्वरित पुलिस सहायता को सशक्त बनाया गया।
2025 उपलब्धियों का वर्ष
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने संबोधन में कहा कि पुलिस समाज में अनुशासन और सुरक्षा की सबसे मजबूत कड़ी है। उन्होंने वर्ष 2025 को प्रदेश के लिए उपलब्धियों से भरा बताते हुए नक्सलवाद के खात्मे को बड़ी सफलता बताया। मुख्यमंत्री ने उदाहरण देते हुए कहा कि जैसे हनुमान जी को जामवंत का मार्गदर्शन मिला, वैसे ही वरिष्ठ अधिकारियों का अनुभव पुलिस बल को सही दिशा देता है।
हर साल साढ़े सात हजार पुलिस भर्तियों की घोषणा
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि प्रदेश में हर वर्ष 7,500 पदों पर पुलिस भर्ती की जाएगी, जिससे पुलिस बल और अधिक मजबूत एवं प्रभावी बनेगा।


