ग्वालियर/ खबर डिजिटल/ निर्मल विश्वकर्मा/ चंदेरी जिला अशोकनगर में पर्यटन विकास के लिए मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव द्वारा दिनांक 26 अगस्त 2024 को श्री कृष्ण जन्माष्टमी कार्यक्रम के दौरान आधिकारिक रूप से चंदेरी को पर्यटन के तीर्थ के रूप में विकसित किए जाने और चंदेरी को पर्यटन केंद्र घोषित किए जाने की स्पष्ट घोषणा सार्वजनिक मंच से की गई थी। जिस पर आज तक 1 वर्ष व्यतीत होने के बाद भी अमल नहीं हो पाया है। जिसके लिए इसी वर्ष की श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर चंदेरी पधारी मध्य प्रदेश शासन की राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार श्रीमती कृष्णा गौर को ज्ञापन सौंप कर मुख्यमंत्री को उनकी घोषणा के लिए अवगत कराने हेतु सौंपा गया था।
इसी प्रकार गुना शिवपुरी अशोकनगर संसदीय क्षेत्र के सांसद एवं केंद्रीय संचार तथा पूर्वोत्तर राज्य विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के द्वारा दिनांक 27 सितंबर 2024 को चंदेरी से पीएम श्री पर्यटन हेलीकॉप्टर सेवा प्रारंभ करने तथा दिनांक 14 जुलाई 2025 को चंदेरी में हवाई पट्टी बनाए जाने के लिए मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव को पत्र लिखे गए थे, इन दो पत्रों पर भी आज तक कोई भी समुचित कार्रवाई राज्य शासन द्वारा नहीं की गई है।
इस तरह चंदेरी के पर्यटन के लिए दो महत्वपूर्ण व्यक्तियों के द्वारा की गई कार्रवाई का अमली जामा अभी तक मध्य प्रदेश के पर्यटन विभाग द्वारा पूरा नहीं किया गया है, जिस कारण चंदेरी का समुचित पर्यटन विकास अवरुद्ध है।
इसी बीच ग्वालियर में दिनांक 29 एवं 30 अगस्त 2025 को टूरिज्म कॉन्क्लेव का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया शामिल होंगे, उन्हें यह स्मरण कराते हुए यह अवगत कराना उचित प्रतीत हो रहा है कि चंदेरी के बारे में जो घोषणा मुख्यमंत्री मध्य प्रदेश शासन द्वारा की गई उसका अमल जल्दी से जल्दी कराया जावे और जो केंद्रीय मंत्री सिंधिया के द्वारा चंदेरी में पीएमश्री पर्यटन हेलीकॉप्टर सेवा प्रारंभ करने तथा हवाई पट्टी के निर्माण के लिए जो पत्र मुख्यमंत्री को लिखे गए हैं उन पर शीघ्र कार्रवाई किए जाने की मांग चंदेरी के प्रबुद्ध नागरिकों द्वारा उठाई गई है।
यह बात सच है कि चंदेरी के पर्यटन विकास के लिए सभी लोग आकर घोषणाएं तो कर जाते हैं परंतु उनका धरातल पर क्रियान्वयन नहीं हो पता है जबकि होना यह चाहिए कि किसी भी घोषणा का अमल तत्काल हो और केंद्रीय मंत्री के पत्रों पर समुचित कार्रवाई हो जिससे कि चंदेरी के पर्यटन विकास में पंख लग सके, क्योंकि जिस क्षमता का पर्यटन चंदेरी में मौजूद है उसके मुताबिक यहां पर व्यवस्थाएं उपलब्ध नहीं है और आज दिनांक तक चंदेरी विधिवत पर्यटन केंद्र की अधिसूचित सूची में शामिल भी नहीं है, जिससे चंदेरी के पर्यटन में जिस प्रकार प्रगति हो जाना चाहिए थी वैसे नहीं हो पा रही है।त
यह उम्मीद की जाती है कि अब बिना किसी विलंब के मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री के द्वारा की गई घोषणा तथा केंद्रीय मंत्री के पत्रों पर राज्य शासन एवं पर्यटन विभाग तेजी से कार्रवाई कर चंदेरी को समुचित न्याय अवश्य प्रदान करेंगे।


