आलीराजपुर/कुलदीप खराड़ीया/खबर डिजिटल/ मध्यप्रदेश विधानसभा सत्र के दौरान इंदौर के भगीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी पीने से 35 लोगों की दर्दनाक मौत के मामले को लेकर कांग्रेस विधायकों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रतिपक्ष नेता उमंग सिंघार के नेतृत्व में कांग्रेस विधायक गांधी प्रतिमा, भोपाल के समक्ष एकत्र हुए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
विधायक सेना महेश पटेल ने निभाई भूमिका
जोबट विधायक सेना महेश पटेल भी प्रदर्शन में सक्रिय रूप से शामिल रहीं। उन्होंने हाथों में नारे लिखी तख्तियां लेकर सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद की और मृतकों के परिजनों को न्याय दिलाने की मांग की। कांग्रेस विधायक ने आरोप लगाया कि इतनी बड़ी घटना के बावजूद सरकार की ओर से न तो संवेदनशीलता दिखाई गई और न ही किसी जिम्मेदार मंत्री ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दिया।
शुद्ध पेयजल का उठाया मुद्दा
विधायक सेना महेश पटेल ने कहा कि यदि सरकार प्रदेश के प्रमुख शहर में भी नागरिकों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध नहीं करा सकती, तो यह प्रशासनिक विफलता का गंभीर उदाहरण है। उन्होंने यह भी कहा कि इंदौर में महापौर, विधायक और सांसद सभी सत्तारूढ़ दल से हैं, नगरीय विकास मंत्री भी उसी दल से हैं और प्रभारी मंत्री स्वयं मुख्यमंत्री हैं—ऐसे में जवाबदेही तय होना आवश्यक है।
कांग्रेस ने की मांग
पूरे मामले की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराई जाए। दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई हो। मृतकों के परिवारों को उचित मुआवजा दिया जाए। भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस व्यवस्था बनाई जाए।


