, खबर dकटनी– शहर की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जुड़े श्री बजरंग कटाये घाट मेले की तैयारियां शुरू हो गई हैं। कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर आगामी 24 नवंबर को मधई मंदिर से परंपरागत जुलूस निकालकर मेले का भव्य शुभारंभ किया जाएगा। इस बार मेले को केवल मनोरंजन तक सीमित न रखते हुए बच्चों, युवाओं, महिलाओं और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों के लिए सांस्कृतिक, शैक्षणिक और रचनात्मक गतिविधियों का केंद्र बनाने की तैयारी है।इसी सिलसिले में मंगलवार को महापौर प्रीति संजीव सूरी की अध्यक्षता में मेला आयोजन समिति की बैठक आयोजित की गई। इसमें जनप्रतिनिधियों और नगर निगम के अधिकारियों ने आयोजन की रूपरेखा पर चर्चा करते हुए विभिन्न सुझाव दिए। बैठक में सांस्कृतिक कार्यक्रमों, खेल प्रतियोगिताओं, विज्ञान प्रदर्शनी, निबंध एवं भाषण प्रतियोगिता, सुंदरकांड, श्रीकृष्ण रासलीला और दीपावली नृत्य जैसे आयोजनों को शामिल करने पर सहमति बनी। वहीं लेजर लाइट शो और आकर्षक सेल्फी प्वाइंट भी मेले का हिस्सा होंगे।सुरक्षा और सुविधाओं पर रहेगा विशेष फोकसमेले में हर साल उमड़ने वाली भीड़ को देखते हुए इस बार व्यवस्थाओं को लेकर विशेष कार्ययोजना तैयार करने पर जोर दिया गया। महापौर ने अधिकारियों को साफ-सफाई, पर्याप्त रोशनी, पार्किंग, पेयजल, प्राथमिक उपचार, एम्बुलेंस और मोबाइल टॉयलेट की व्यवस्था समय रहते सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही मेला परिसर में सीसीटीवी कैमरे और कंट्रोल रूम स्थापित करने तथा दुकानों को व्यवस्थित ले-आउट के अनुसार लगाने पर भी चर्चा हुई।ग्रामीणों और बच्चों के लिए भी होंगे विशेष आयोजनबैठक में पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष रामचंद्र तिवारी ने आकर्षक सजावट और बच्चों की शैक्षणिक रुचि बढ़ाने वाले कार्यक्रमों का सुझाव दिया। वहीं चमनलाल आनंद ने ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों के मनोरंजन के लिए विशेष गतिविधियां आयोजित करने की बात रखी। खेल प्रतियोगिताओं के लिए उपयुक्त मैदान, विद्यार्थियों के आवागमन और भोजन-पानी की व्यवस्था जैसे विषय भी चर्चा में रहे।पिछले साल की समस्याओं से सबक लेने की तैयारीमहापौर प्रीति संजीव सूरी ने कहा कि पिछले वर्ष मेले के आयोजन के दौरान सामने आई समस्याओं और इस बार बैठक में मिले सुझावों को ध्यान में रखकर विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाएगी। सभी कार्यक्रमों का मिनट-टू-मिनट शेड्यूल बनाया जाएगा, ताकि आयोजन के दौरान अव्यवस्था की स्थिति न बने।बैठक में एमआईसी सदस्यों, पार्षदों, पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष रामचंद्र तिवारी, चमनलाल आनंद, नगर निगम के अधिकारियों, विभिन्न विद्यालयों के प्राचार्यों, शिक्षकों और अन्य जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति रही।अब नजर इस बात पर रहेगी कि बैठक में बनी रूपरेखा और दिए गए निर्देश जमीन पर कितनी प्रभावी तरीके से उतरते हैं। श्रद्धालुओं और शहरवासियों को इस बार भव्य आयोजन के साथ बेहतर सुरक्षा और सुविधाओं की भी उम्मीद रहेगी।
कार्तिक पूर्णिमा पर 24 नवंबर से सजेगा बजरंग कटाये घाट मेला, सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ होंगे खेल और मनोरंजन के आयोजन
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