P?c1=2&c2=41463588&cv=3.9
Friday, April 17, 2026
No menu items!
spot_img
Homeमध्यप्रदेशमहापौर पुष्यमित्र भार्गव ने दिखाए तीखे तेवर… सड़क निर्माण में गड़बड़ी से...

महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने दिखाए तीखे तेवर… सड़क निर्माण में गड़बड़ी से दिखे नाराज

कंसल्टेंट एजेंसी पर लगेगी पेनल्टी

इंदौर/नरेंद्र महावर/खबर डिजिटल/ शुक्रवार को महापौर पुष्यमित्र भार्गव बिना किसी सूचना के अचानक तीन इमली चौराहे पर पहुंच गए। इसकी भनक अधिकारियों तक को नहीं थी, किसी बीजेपी के समर्थक को इसकी जानकारी नही मिली थी, लेकिन जब मौके पर जाकर उन्होंने बनी-बनाई सड़क को खोदने का नजारा देखा, तो वो नाराज हो गए, उनका गुस्सा करना वाजिब था, क्योंकि ये जनता के पैसों का सीधा-सीधा नुकसान था।

क्या है मामला?
दरअसल, गुरुवार रात एक राहगीर ने महापौर को वीडियो भेजा था, जिसमें दिखाया गया कि नई बनी सड़क को फिर से खोदा जा रहा है, महापौर को चूंकि इसकी कोई जानकारी नहीं थी। लेकिन उन्होंने फोन पर पूछताछ करने के बजाय सीधे मौके पर जाना बेहतर समझा, तो बिना सूचना के मौके पर पहुंच गए, वहीं जब उन्होंने नजारा देखा तो चौंक गए। सड़क अभी पूरी बनी भी नहीं थी, आधा काम ही हुआ था और उसी पर फिर से खुदाई चल रही थी। जिसके चलते उन्होंने तुरंत अपर आयुक्त अभय राजन, जोनल अधिकारी अतीक खान, पार्षद राजेंद्र राठौड़ और निर्माण एजेंसी के साथ कंसलटेंट एजेंसी एसएनएस के प्रतिनिधियों को बुलाया। महापौर ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि आप काम ऐसे करते हो, जिससे जानता परेशान होती है।

सख्त अंदाज में दिया आदेश
महापौर ने सख्त लहजे में सवाल जवाब किया और पूछा कि, ‘सड़क पूरी बने बिना दोबारा खुदाई क्यों’? जवाब आया, ‘स्टॉर्म वॉटर लाइन डाली जा रही है।’ इस पर महापौर गुस्सा हो गए, बोले कि पहले नहीं पता था कि लाइन डालनी है? सड़क बनने के बाद खुदाई कौन-सी समझदारी है? उन्होंने कहा कि यह सीधी लापरवाही है। निगम को आर्थिक नुकसान और लोगों को परेशानी, दोनों की जिम्मेदारी तय होगी। उन्होंने अपर आयुक्त से कहा कि कंसलटेंट को हम अच्छा पैसा देते हैं, फिर ये मॉनिटरिंग कौन कर रहा है? महापौर ने अफसरों से सवाल किया कि क्या अभी सड़क बनने के बाद इस इलाके में जलजमाव की कोई शिकायत आई थी? जिसके बाद यह लाइन जरूरी लगी हो? अधिकारी चुप रहे। इसके बाद महापौर ने मौके पर ही निर्देश दिए कि जिम्मेदारों पर कार्रवाई करें, और निर्माण एजेंसी को ब्लैकलिस्ट कर टर्मिनेटर और पेनल्टी लगाएं, साथ ही नुकसान की भरपाई भी कंसल्टेंट एजेंसी से की जाए।

सम्बंधित ख़बरें

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -spot_img

लेटेस्ट