गोदरेज एंटरप्राइजेज ग्रुप के ‘लॉक्स एंड आर्किटेक्चरल सॉल्यूशंस’ ने वित्त वर्ष 2026 तक ₹1,400 करोड़ के राजस्व लक्ष्य की घोषणा के साथ वर्ष 2025 का सफल समापन किया है। यह पिछले वित्त वर्ष के ₹1,250 करोड़ के मुकाबले 12-14% की ठोस वार्षिक वृद्धि को दर्शाता है। कंपनी की इस विकास यात्रा में डिजिटल लॉक्स की श्रेणी सबसे महत्वपूर्ण रही है, जिसने स्मार्ट और की-लेस सुरक्षा समाधानों की बढ़ती मांग के चलते 30% की प्रभावशाली वृद्धि दर्ज की है। ई-कॉमर्स और क्विक कॉमर्स चैनलों के बढ़ते विस्तार ने भी राजस्व में अहम भूमिका निभाई है, जिसका योगदान वित्त वर्ष 2028 तक बढ़कर 11-12% होने का अनुमान है।
सुरक्षा के प्रति सामाजिक जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए कंपनी ने अपने प्रमुख ‘हर घर सुरक्षित’ अभियान के नौवें वर्ष के तहत “एक्सीडेंटल इनविटेशन” पहल की शुरुआत की। यह पहल विशेष रूप से डिजिटल व्यवहार और सोशल मीडिया पर अत्यधिक जानकारी साझा करने से जुड़े जोखिमों के प्रति उपभोक्ताओं को आगाह करती है। इसके लिए कंपनी ने ‘एक्सीडेंटल इनविटेशन ऐप’ भी विकसित किया है, जो उपयोगकर्ता के ऑनलाइन व्यवहार का मूल्यांकन कर सुरक्षा स्कोर प्रदान करता है। इस अभियान के माध्यम से अब तक देश भर में 1.70 लाख से अधिक घरों की सुरक्षा जांच पूरी की जा चुकी है, जिनमें से 21,000 जांच केवल इसी वर्ष की गईं।
भविष्य की रणनीतियों पर चर्चा करते हुए बिजनेस हेड श्याम मोटवानी ने बताया कि कंपनी साल 2028 तक ₹2,500 करोड़ के राजस्व का दीर्घकालिक लक्ष्य लेकर चल रही है। कंपनी का ध्यान ‘नियो डिजिटल लॉक्स’ जैसे किफायती विकल्पों से लेकर प्रीमियम क्लाउड-इंटीग्रेटेड ‘GSLD1’ मॉडल तक, हर वर्ग के लिए स्मार्ट समाधान उपलब्ध कराने पर है। निरंतर उत्पाद नवाचार और ‘मेक-इन-इंडिया’ विनिर्माण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता के साथ गोदरेज लॉक्स भारतीय बाजार में अपनी अग्रणी स्थिति को और सुदृढ़ करने और स्मार्ट होम सेफ्टी के भविष्य को नया आकार देने के लिए तैयार है।


