सागर/ रहली/ मुकेश अग्निहोत्री/ खबर डिजिटल।
मध्य प्रदेश के सागर जिले की एचडीएफसी बैंक रहली शाखा पर गंभीर आरोप लगे हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि बैंक कर्मचारियों ने दुर्गावती टाइगर रिजर्व क्षेत्र से विस्थापित ग्रामीणों को मिला सरकारी मुआवजा हेराफेरी करके खातों से गायब कर दिया।
ग्रामीणों का आरोप: बिना जानकारी के बीमा और एफडी
ग्रामीणों ने बताया कि सरकार से मिला विस्थापन मुआवजा जब उन्होंने बैंक में जमा किया, तो उनके खातों से रकम गायब पाई गई। कई मामलों में उनकी जानकारी के बिना ही बीमा पॉलिसी और फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) करा दिए गए।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें इसकी कोई जानकारी नहीं थी और जहां बैंक कर्मचारियों ने हस्ताक्षर करने को कहा, वहां उन्होंने कर दिए। जब पैसों की ज़रूरत पड़ी और वे बैंक पहुंचे, तो खातों में राशि नहीं मिली।
वन विभाग पर भी उठे सवाल
पीड़ितों ने कहा कि वन विभाग के कहने पर ही उन्होंने एचडीएफसी बैंक में खाते खुलवाए थे। अब ग्रामीणों ने इस पूरे मामले की शिकायत एसडीएम कुलदीप पराशर और बैंक प्रबंधक से की है।
प्रशासन की सख्ती, बैंक मैनेजर चुप
इस मामले में एचडीएफसी बैंक के मैनेजर कैमरे पर कुछ भी कहने से बचते दिखे। वहीं, एसडीएम कुलदीप पराशर ने कहा कि ग्रामीणों की शिकायत पर जांच शुरू कर दी गई है। बैंक अधिकारियों को बुलाया गया है और नियमानुसार जल्द कार्रवाई की जाएगी।


