झाबुआ/नावेद रज़ा/खबर डिजिटल/जनजातीय स्वतंत्रता सेनानियों को सम्मानित करने, स्वतंत्रता संग्राम और सांस्कृतिक विरासत में उनके योगदान को याद करने तथा जनजातीय क्षेत्रों के सामाजिक आर्थिक विकास को पुनर्जीवित करने के उद्देश्य से 15 नवम्बर को धरती आबा भगवान बिरसा मुण्डा की जयन्ती मनायी जाती हैं।
धरती आबा भगवान बिरसा मुण्डा की 150वीं जयन्ती के समापन के अवसर पर कलेक्टर नेहा मीना के निर्देशानुसार जिला मुख्यालय पर 12 नवम्बर 2025 को तीरंदाजी सह प्रशिक्षण केन्द्र बहुउद्देशीय खेल परिसर झाबुआ में महिला एवं पुरुष वर्ग की पारंपरिक एवं आधुनिक तीरंदाजी प्रतियोगिता का शुभारंभ अपर कलेक्टर श्री चंदर सिंह सोलंकी, सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग श्रीमती सुप्रिया बिसेन, उप संचालक सामाजिक न्याय विभाग श्री पंकल सावले के आतिथ्य में हुआ।
इस अवसर पर तीरंदाज खिलाड़ियों के द्वारा अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया गया। जिला खेल अधिकारी श्री विजय कुमार सलाम ने बताया कि पारम्परिक तीरंदाजी प्रतियोगिता में पुरूष वर्ग में प्रथम स्थान श्री काव्यांश पांचाल, द्वितीय स्थान श्री अमित नार्वे, तृतीय स्थान श्री हित जैन, पारम्परिक तीरंदाजी प्रतियोगिता में महिला वर्ग में प्रथम स्थान सुश्री अंशिता सक्सेना, द्वितीय स्थान सुश्री निशिका राठौर, तृतीय स्थान सुश्री निशा परमार, आधुनिक तीरंदाजी प्रतियोगिता में पुरूष वर्ग में प्रथम स्थान श्री सार्थक राज गौड, द्वितीय स्थान श्री कैलाश मेडा, तृतीय स्थान श्री सौरिष द्विवेदी, आधुनिक तीरंदाजी प्रतियोगिता में महिला वर्ग में प्रथम स्थान सुश्री मुस्कान भूरिया, द्वितीय स्थान सुश्री डिम्पी सतोग्या, तृतीय स्थान सुश्री आरूशी भूरिया ने प्राप्त किया। विजेता खिलाडियों को 15 नवम्बर 2025 को जनजातीय गौरव दिवस के मुख्य समारोह में जिला प्रशासन द्वारा पुरस्कृत किया जाएगा।
खेल प्रतियोगिता के सफल आयोजन में तीरंदाजी प्रशिक्षक जयन्तीलाल परमार, जेवेन्द्र बोराडे, फुलसिंह मुजाल्दे आदि का सराहनीय सहयोग रहा ।


