घंसौर (सिवनी)/मनोज नामदेव/खबर डिजिटल/ जनजातीय गौरव दिवस के अवसर पर विकासखंड घंसौर में आयोजित कार्यक्रम में वीसी माध्यम से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भगवान बिरसा मुंडा की रथ यात्रा में सहभागी बने, और जनजातीय गौरव दिवस के कार्यक्रम में शामिल होने के लिए लोगों को आमंत्रित किया। वीसी के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री ने ग्रामीणजनों को संबोधित करते हुए कहा कि बिरसा मुंडा का जीवन, उनका संघर्ष और जनजातीय समाज का गौरवपूर्ण इतिहास आज के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा को “धरती आबा” कहा जाता है, क्योंकि उन्होंने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व अर्पित किया।
उपस्थित लोगों ने किया माल्यार्पण
समारोह में उपस्थित कुंवर शक्ति सिंह सिसोदिया रघुवंशी सर शिक्षक वीडियो प्रसन्न दीक्षित घंसौर टीआई ने रथ यात्रा के चालकों का माल्यार्पण कर स्वागत किया और रथों का विधिवत पूजन किया। सुसज्जित रथों पर प्रदर्शित जनजातीय संस्कृति, लोक नृत्य और पारंपरिक झलक ने उपस्थित सभी का मन मोह लिया। इस रथ यात्रा का उद्देश्य बिरसा मुंडा के शौर्य, बलिदान और स्वाभिमान की गाथा को जन‑जन तक पहुँचाना है। 11 से 15 नवम्बर तक यह यात्रा क्षेत्र के विभिन्न ग्रामों और पंचायतों में पहुँचकर जनजातीय नायकों की प्रेरक कहानियों को प्रसारित करेगी।
बिरसा मुंडा का संघर्ष अमूल्य धरोहर
वीसी के माध्यम से सीएम ने इस अवसर पर कहा, “बिरसा मुंडा का त्याग और संघर्ष हमारी अमूल्य धरोहर है; हमें उनके आदर्शों को अपनाकर अपने समाज को आगे बढ़ाना चाहिए।” कार्यक्रम में उपस्थित ग्रामीणों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ उनका समर्थन किया और रथ यात्रा को आगे बढ़ते देख उत्साह से भर गए। यह रथ यात्रा न केवल जनजातीय गौरव का प्रतीक है, बल्कि क्षेत्र के सामाजिक एकता और सांस्कृतिक जागरूकता का भी एक महत्त्वपूर्ण कदम है। अगले कुछ दिनों में यह यात्रा सिवनी जिला के विभिन्न गांवों में पहुंचकर लोगों को बिरसा मुंडा की जीवनी और आदिवासी अधिकारों के महत्व से परिचित कराएगी।
