देवास/पवन उपाध्याय/खबर डिजिटल/ सोशल मीडिया और समाचार पत्रों के माध्यम से सामने आए एक गंभीर मामले के बाद मध्यप्रदेश शासन ने देवास में बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है। जिला देवास में पदस्थ प्रभारी सहायक आबकारी आयुक्त मंदाकिनी दीक्षित को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के बाद कार्रवाई
जानकारी के अनुसार सोशल मीडिया पर एक कथित वीडियो सामने आया, जिसमें देवास निवासी दिलीप सिंह मकवाना ने आत्महत्या से पहले गंभीर आरोप लगाए थे। वीडियो में प्रभारी सहायक आबकारी आयुक्त मंदाकिनी दीक्षित पर अवैध राशि की मांग के आरोप लगाए गए थे। मामला उजागर होने के बाद शासन स्तर पर संज्ञान लेते हुए जांच और कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की गई। शासन द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया अत्यंत गंभीर प्रकृति के हैं। यह आरोप शासकीय सेवक के कर्तव्य और दायित्वों के विपरीत पाए गए हैं, जिससे मध्यप्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 का उल्लंघन होता है।
तत्काल प्रभाव से निलंबन
मध्यप्रदेश शासन ने मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के नियम-9 के अंतर्गत मंदाकिनी दीक्षित को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय कार्यालय आयुक्त आबकारी, ग्वालियर निर्धारित किया गया है। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि निलंबन अवधि के दौरान मंदाकिनी दीक्षित को नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिए जाने की पात्रता होगी।


