Maoists Surrender : छत्तीसगढ़ और तेलंगाना के सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय माओवादी संगठन को बड़ा झटका लगा है। तेलंगाना के मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी की मौजूदगी में बड़ी संख्या में माओवादी कैडरों ने आत्मसमर्पण कर दिया है। जानकारी के अनुसार कुल 130 माओवादियों ने सरेंडर किया।
इन माओवादियों ने किया सरेंडर
आत्मसमर्पण करने वालों में माओवादी संगठन के कई कैडर शामिल हैं। इनमें 3 स्टेट कमेटी मेंबर, 1 आरसीएम, 10 डीवाईसीएम स्तर के सदस्य, 46 एरिया कमेटी मेंबर और 70 पार्टी सदस्य बताए जा रहे हैं। लंबे समय से सक्रिय इन माओवादियों के सरेंडर को सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी सफलता मानी जा रही है।
माओवादियों ने सौंपे हथियार
आत्मसमर्पण के दौरान सुरक्षा बलों को भारी मात्रा में हथियार भी सौंपे गए। इनमें एक इंसास एलएमजी, 21 एके-47, 21 इंसास रायफल, 20 एसएलआर, 18 .303 रायफल, 1 नौ एमएम कार्बाइन, 2 नौ एमएम पिस्टल, 2 आठ एमएम बोल्ट एक्शन रायफल, 18 देशी बंदूकें और 2 बीजीएल सहित अन्य सामग्री बरामद की गई है।
सरकार की नीति से लौटने का निर्णय
बताया जा रहा है कि हाल ही में आत्मसमर्पण करने वाले माओवादी नेता देवजी PLGA टीम से जुड़े सदस्य भी इस सामूहिक सरेंडर का हिस्सा हैं। सुरक्षा एजेंसियों की लगातार कार्रवाई और सरकार की पुनर्वास नीति के चलते नक्सलियों ने हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया है।
मिलेगा पुनर्वास योजना का लाभ
सरकारी नीति के तहत आत्मसमर्पण करने वाले इन सभी माओवादियों को पुनर्वास योजना का लाभ दिया जाएगा, ताकि वे सामान्य जीवन जी सकें और समाज के विकास में अपनी भूमिका निभा सकें।


