भोपाल। CBSE ने 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 का रिजल्ट जारी कर दिया है। इस साल कुल 85.20 प्रतिशत छात्र-छात्राएं परीक्षा में सफल हुए हैं। बोर्ड के अनुसार यह रिजल्ट पिछले साल की तुलना में करीब 3 प्रतिशत कम रहा। छात्र अब आधिकारिक वेबसाइट और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर अपना रिजल्ट चेक कर सकते हैं। इस बार उत्तर पुस्तिकाओं की जांच ऑन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम (On-Screen Marking System) के जरिए की गई, जिससे मूल्यांकन प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और तेज बनाया गया।
ऑनलाइन और SMS दोनों से देख सकेंगे रिजल्ट
CBSE ने रिजल्ट देखने के लिए कई डिजिटल विकल्प उपलब्ध कराए हैं। छात्र CBSE Official Website,Results Portal,DigiLocker और UMANG Portal पर जाकर अपना रिजल्ट देख सकते हैं।
मेरिट लिस्ट और टॉपर की घोषणा नहीं करेगा बोर्ड
CBSE ने एक बार फिर साफ किया है कि बोर्ड इस साल भी कोई मेरिट लिस्ट जारी नहीं करेगा। इसके साथ ही किसी छात्र को आधिकारिक तौर पर टॉपर घोषित नहीं किया जाएगा। बोर्ड का कहना है कि यह फैसला छात्रों पर अनावश्यक प्रतिस्पर्धा और मानसिक दबाव कम करने के उद्देश्य से लिया गया है। बोर्ड ने सभी स्कूलों और शैक्षणिक संस्थानों को निर्देश दिए हैं कि वे किसी भी छात्र को स्कूल, शहर या जिले का टॉपर घोषित न करें। CBSE का फोकस छात्रों के समग्र विकास और मानसिक स्वास्थ्य पर रखा गया है।
APAAR ID को लेकर बोर्ड ने दी जानकारी
रिजल्ट जारी होने के साथ APAAR ID को लेकर भी छात्रों के बीच चर्चा बढ़ गई है। बोर्ड के अनुसार जिन छात्रों की APAAR ID पहले से CBSE से लिंक है, उन्हें DigiLocker के ‘Issued Documents’ सेक्शन में सीधे डिजिटल मार्कशीट मिल जाएगी। अगर किसी छात्र के पास APAAR ID नहीं है तो उसे पहले अपना अकाउंट बनाना होगा। इसके बाद छात्र डिजिटल दस्तावेजों तक पहुंच सकेंगे। CBSE ने छात्रों को सलाह दी है कि वे अपने लॉगिन डिटेल्स सुरक्षित रखें ताकि भविष्य में किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।
डिजिटल सिस्टम से तेज हुई प्रक्रिया
इस बार बोर्ड ने मूल्यांकन प्रक्रिया में पूरी तरह डिजिटल तकनीक का इस्तेमाल किया। ऑन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम के तहत शिक्षकों ने डिजिटल माध्यम से कॉपियां जांचीं। बोर्ड का दावा है कि इससे त्रुटियों की संभावना कम हुई और रिजल्ट समय पर तैयार हो सका।
देशभर के लाखों छात्रों को लंबे समय से रिजल्ट का इंतजार था। रिजल्ट जारी होते ही छात्र अपने करियर और कॉलेज एडमिशन की प्रक्रिया में जुट गए हैं। कई विश्वविद्यालयों और प्रोफेशनल कोर्स में अब एडमिशन प्रक्रिया भी तेज होने की उम्मीद है।


