कटनी – सिवनी पुलिसिया लूट कांड की आंच अब सीधे कटनी तक पहुंच गई है। हवाला के पैसों की लूट और सट्टा कारोबार के गठजोड़ में कई नाम उभरने के बाद आईजी जबलपुर प्रमोद वर्मा ने सोमवार को एक के बाद एक सख्त कदम उठाए, जिससे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
सूत्रों के मुताबिक, सिवनी से जुड़े हवाला नेटवर्क की डोरें कटनी तक जुड़ी हुई हैं, जहां क्रिकेट सट्टे के जरिए करोड़ों रुपये का लेनदेन लंबे समय से चल रहा है। यही वजह है कि आईजी ने अब कटनी को जांच के केंद्र में रखकर पूरे रैकेट की तहकीकात शुरू कर दी है।
चार पुलिसकर्मियों का तबादला
आईजी ने कार्रवाई के तहत कटनी जिले के चार पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से जिले से बाहर ट्रांसफर कर दिया है। इसको लेकर विभाग में चर्चा है कि संदिग्ध पुलिसकर्मियों की निगरानी चल रही थी, शुरूआती गाज चार पर गिरी है, अभी कई राडार पर है, संभवतः आईजी कटनी भी आ सकते हैं, वे सोमवार को दिनभर सिवनी में थे, अब बारी कटनी की है, वे मुख्य रूप से उन पुलिसकर्मीयों को खोज रहे, जिनके सट्टा कारोबारियों से पुराने संबंध रहे हैं।
सिवनी से शुरू, कटनी तक जांच
सिवनी पुलिस के 10 पुलिसकर्मियों द्वारा कथित रूप से 3 करोड़ रुपये की हवाला राशि लूटने के मामले में जबलपुर एएसपी आयुष गुप्ता जांच कर रहे हैं। वहीं, जबलपुर एएसपी (क्राइम) जीतेंद्र सिंह को हवाला रैकेट की जड़ तक पहुंचने की जिम्मेदारी दी गई है, जो अब कटनी के हवाला और सट्टा सरगनाओं की ओर बढ़ रही है।
सट्टा किंग्स पर नजर
कटनी के तथाकथित “सट्टा किंग्स” पर खुफिया नजर रखी जा रही है। सूत्र बताते हैं कि कुछ बड़े नाम—जो बीते वर्षों में क्रिकेट सट्टे और हवाला के जरिये मोटी कमाई कर चुके हैं—अब पुलिस के रडार पर हैं। आईजी वर्मा ने साफ किया है कि किसी भी रैंक का अधिकारी या कारोबारी, यदि इस नेटवर्क से जुड़ा पाया गया, तो बख्शा नहीं जाएगा।
एसपी सिवनी को नोटिस, ट्रांसफर आदेश पर रोक
आईजी ने सिवनी एसपी सुनील मेहता और एएसपी दीपक मिश्रा को नोटिस जारी किया, साथ ही एसपी द्वारा किए गए थाना प्रभारियों के ट्रांसफर आदेशों पर तुरंत रोक लगा दी। इससे संकेत मिलते हैं कि ऊपरी स्तर तक जवाबदेही तय की जा रही है।
कटनी बन सकता है अगला एक्शन ज़ोन
जबलपुर रेंज में चल रहे इस बड़े ऑपरेशन के बाद अब माना जा रहा है कि कटनी अगला एक्शन ज़ोन बन सकता है, जहां सट्टा–हवाला गठजोड़ पर पुलिसिया शिकंजा कसने की तैयारी पूरी हो चुकी है। आईजी पूरे घटनाक्रम को लेकर गंभीर हैं।


