भोपाल : VIT भोपाल में पिछले कुछ दिनों से छात्रों के स्वास्थ्य को लेकर जो चिंताएं और अटकलें सोशल मीडिया व अन्य मंचों पर चल रही थीं, उन पर विश्वविद्यालय प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि परिसर में स्थिति पूरी तरह सामान्य है और स्वास्थ्य संबंधी किसी भी बड़े संकट का कोई आधार नहीं है।
विश्वविद्यालय की ओर से जारी आधिकारिक जानकारी के अनुसार, बीते 10 दिनों में जो भी छात्र अस्पताल गए, वे केवल मौसमी बीमारियों और भीषण गर्मी के कारण उपजी सामान्य स्वास्थ्य समस्याओं के कारण थे। प्रशासन ने इन सभी मामलों को ‘रूटीन मेडिकल चेकअप’ और एहतियाती कदम बताया है। छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रथम वर्ष की परीक्षाओं को स्थगित करने का निर्णय भी इसी सतर्कता का हिस्सा था।
संस्थान ने उन दावों को सिरे से खारिज कर दिया है जिनमें स्वास्थ्य संकट को गंभीर बताया जा रहा था। प्रशासन का कहना है कि सोशल मीडिया पर चल रही संख्याएं और दावे पूरी तरह भ्रामक और अपुष्ट हैं। विश्वविद्यालय के प्रवक्ता ने बताया कि परिसर में चिकित्सा सहायता प्रणालियों को और अधिक सक्रिय कर दिया गया है, ताकि छात्रों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो और उन्हें तत्काल स्वास्थ्य देखभाल मिल सके।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने अभिभावकों और छात्रों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक चैनलों से प्राप्त जानकारी पर ही भरोसा करें। फिलहाल, परिसर में शैक्षणिक गतिविधियों को सुचारू रूप से चलाने और छात्रों के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। किसी भी गंभीर स्थिति से इनकार करते हुए, संस्थान ने विश्वास दिलाया है कि छात्रों का कल्याण उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।


