नई दिल्ली/ खबर डिजिटल/ आयरलैंड में भारत के राजदूत अखिलेश मिश्र अपनी पत्नी रीति मिश्र के साथ आयरलैंड के राष्ट्रपति महामहिम डॉ. माइकल डी. हिगिंस से 4 नवंबर को एक शिष्टाचार भेंट की।
यह मुलाकात भारतीय राजदूत मिश्र के लिए एक विशिष्ट सम्मान था क्योंकि वह राष्ट्रपति हिगिंस की विद्वत्ता और उनकी संवेदनशील और दार्शनिकता पूर्ण कविता से बहुत प्रभावित रहे हैं । एम्बेसडर मिश्र ने “राष्ट्रपति माइकल डी. हिगिंस की कविता में वैदिक दर्शन की गूंज” पर अंग्रेज़ी एक मोनोग्राफ भी लिखा है।
राजदूत अखिलेश मिश्रा ने आयरलैंड के राष्ट्रपति के तौर पर अपना ऐतिहासिक दूसरा कार्यकाल पूरा होने से कुछ ही दिन पहले मुलाकात का समय देने के लिए राष्ट्रपति हिगिंस का दिल से धन्यवाद किया।
उन्होंने डॉ. हिगिंस और फर्स्ट लेडी सबीना हिगिंस द्वारा भारत के प्रति दिखाए गए प्यार और स्नेह के लिए भी आभार व्यक्त किया। राष्ट्रपति हिगिंस ने “भारतीय समुदाय के सदस्यों पर हुए घिनौने हमलों” के खिलाफ एक कड़ा आधिकारिक बयान जारी किया था और यह भी कहा था कि “हम सभी आयरलैंड में भारतीय समुदाय के प्रति गहरा आभार महसूस करते हैं”।
राजदूत अखिलेश मिश्रा ने एक कठिन और चुनौतीपूर्ण समय के दौरान आयरलैंड के दक्ष सारगर्भित राजनीतिक और नेतृत्व को याद किया । उनके विद्वत्तापूर्ण, सारगर्भित और दूरदर्शी विचारों ने विश्वभर के बहुजीवियों को प्रेरित किया है ।

उनके संदेशो में अनेक भारत के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण हैं। खाद्य सुरक्षा के लिए राष्ट्रपति हिगिंस द्वारा पारंपरिक फसल विविधता को प्रोत्साहन देने के विचार के सन्दर्भ में प्रधानमंत्री मोदी के द्वारा भारत और विदेश में बाजरा और अन्य मोटे अनाज को बढ़ावा देने के लिए प्रयासों, 2023 को अंतर्राष्ट्रीय बाजरा वर्ष घोषित कराने की पहल का भी जिक्र किया।
इसी तरह, उन्होंने आयरिश संस्कृति और आयरिश भाषा को बढ़ावा देने में आयरलैंड के पहले संस्कृति मंत्री के रूप में राष्ट्रपति हिगिंस की ऐतिहासिक भूमिका को याद किया, जिसके कारण अब आयरिश भाषा को यूरोपीय संघ की आधिकारिक भाषा का गौरव प्राप्त है। आयरिश भाषा के देश में प्रचार-प्रसार और वैश्विक ग्राह्यता में आयरलैंड की सफलता नयी राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अंतर्गत भारतीय भाषाओं को बढ़ावा देने के प्रयासों के संदर्भ में महत्वपूर्ण हैं।
राष्ट्रपति हिगिंस ने दर्शन की भूमिका और सामाजिक और आर्थिक समावेशी नीतियों और वैश्विक सहयोग पर बल दिया। वे खाद्य सुरक्षा के क्षेत्र में काम करना जारी रखेंगे और पढ़ने और लिखने पर ध्यान देंगे। उन्होंने राजदूत अखिलेश मिश्र और रीति मिश्र को और उनके माध्यम से भारत के लोगों को अपना हार्दिक आशीर्वाद दिया।


